क्या ज्यादा या गलत तरीके से एक्सरसाइज करने पर हार्ट अटैक का खतरा बढ़ सकता है? जानें किन वर्कआउट में सावधानी जरूरी है और कौन से लक्षण नजरअंदाज न करें।
नियमित एक्सरसाइज को स्वस्थ जीवनशैली का अहम हिस्सा माना जाता है। इससे शरीर सक्रिय रहता है और हृदय समेत कई अंगों की सेहत को फायदा हो सकता है। लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि हर व्यक्ति के लिए हर तरह की एक्सरसाइज एक जैसी सुरक्षित होती है।
खासकर जो लोग लंबे समय से शारीरिक गतिविधि से दूर हैं, अगर वे अचानक बहुत तेज या कठिन वर्कआउट शुरू कर देते हैं तो शरीर पर अचानक अधिक दबाव पड़ सकता है। कुछ लोगों में इससे हृदय संबंधी जोखिम बढ़ सकता है। इसलिए एक्सरसाइज करते समय अपनी फिटनेस, उम्र और स्वास्थ्य स्थिति का ध्यान रखना जरूरी है।
अचानक हाई इंटेंसिटी वर्कआउट से बचें
अगर कोई व्यक्ति लंबे समय से एक्सरसाइज नहीं कर रहा है और अचानक तेज दौड़ना, बहुत भारी वजन उठाना या हाई इंटेंसिटी ट्रेनिंग शुरू कर देता है, तो शरीर को इस अतिरिक्त मेहनत के लिए तैयार होने का पर्याप्त समय नहीं मिलता।
ऐसी स्थिति में हृदय की धड़कन और रक्तचाप तेजी से बढ़ सकते हैं। खासतौर पर पहले से किसी स्वास्थ्य समस्या से जूझ रहे लोगों के लिए अचानक बहुत अधिक मेहनत करना जोखिम भरा हो सकता है।
इसलिए वर्कआउट की शुरुआत कम तीव्रता वाली गतिविधियों से करना बेहतर है। कुछ समय तक शरीर को अभ्यस्त करने के बाद धीरे-धीरे एक्सरसाइज की कठिनाई और अवधि बढ़ाई जा सकती है।
भारी वजन उठाते समय रखें सावधानी
वेट ट्रेनिंग अपने आप में खराब एक्सरसाइज नहीं है। सही तकनीक और उचित वजन के साथ की गई स्ट्रेंथ ट्रेनिंग फिटनेस का महत्वपूर्ण हिस्सा हो सकती है। समस्या तब हो सकती है जब व्यक्ति अपनी क्षमता से बहुत अधिक वजन उठाने की कोशिश करे।
बहुत भारी वजन उठाते समय सांस रोकना भी रक्तचाप को प्रभावित कर सकता है। इसलिए वजन उठाते समय सही सांस लेने की तकनीक और शरीर की सही स्थिति पर ध्यान देना जरूरी है। अगर आप पहली बार जिम जा रहे हैं या लंबे ब्रेक के बाद दोबारा वर्कआउट शुरू कर रहे हैं, तो हल्के वजन और आसान एक्सरसाइज से शुरुआत करें।
also read: Diabetes Causes: क्या सफेद चीनी खाने से होती है डायबिटीज?…
इन लोगों को एक्सरसाइज में ज्यादा सावधानी चाहिए
कुछ लोगों को हाई इंटेंसिटी वर्कआउट शुरू करने से पहले डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए। इनमें खासतौर पर वे लोग शामिल हो सकते हैं जिन्हें पहले से:
- हृदय संबंधी बीमारी है
- हाई ब्लड प्रेशर की समस्या है
- डायबिटीज है
- लंबे समय से शारीरिक गतिविधि नहीं की है
- उम्र अधिक है
- पहले से कोई ऐसी स्वास्थ्य समस्या है जो एक्सरसाइज से प्रभावित हो सकती है
ऐसे लोगों के लिए वर्कआउट की सही तीव्रता और प्रकार व्यक्ति की स्वास्थ्य स्थिति के अनुसार तय करना बेहतर होता है।
एक्सरसाइज के दौरान इन लक्षणों को न करें नजरअंदाज
वर्कआउट करते समय सामान्य थकान और गंभीर चेतावनी संकेतों के बीच अंतर समझना जरूरी है। अगर एक्सरसाइज के दौरान सीने में दर्द या दबाव, सांस लेने में असामान्य परेशानी, चक्कर, अचानक कमजोरी, बेहोशी जैसा महसूस होना या दिल की धड़कन असामान्य लगना शुरू हो जाए, तो तुरंत व्यायाम रोक दें। ऐसे लक्षणों को केवल ज्यादा मेहनत की वजह से हुई थकान मानकर नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। जरूरत पड़ने पर तुरंत चिकित्सकीय सहायता लें।
वार्म-अप करना क्यों जरूरी है?
सीधे कठिन एक्सरसाइज शुरू करने के बजाय कुछ मिनट हल्का वार्म-अप करना शरीर को गतिविधि के लिए तैयार करने में मदद कर सकता है।
शुरुआत में हल्की वॉक, धीमी साइकिलिंग या आसान मोबिलिटी एक्सरसाइज की जा सकती हैं। इसके बाद धीरे-धीरे मुख्य वर्कआउट की तीव्रता बढ़ाई जा सकती है। इसी तरह एक्सरसाइज खत्म करते समय भी अचानक पूरी तरह रुकने के बजाय कुछ मिनट हल्की गतिविधि करना बेहतर हो सकता है।
लंबे ब्रेक के बाद ऐसे शुरू करें वर्कआउट
अगर आपने लंबे समय से एक्सरसाइज नहीं की है, तो पहले दिन ही कठिन वर्कआउट करने की कोशिश न करें। अपनी क्षमता के अनुसार कम तीव्रता वाली गतिविधि से शुरुआत करें।
तेज चाल से चलना, हल्की साइकिलिंग और सामान्य एरोबिक गतिविधियां शुरुआती स्तर पर उपयोगी विकल्प हो सकती हैं। जैसे-जैसे शरीर की क्षमता बढ़े, वर्कआउट का समय और तीव्रता धीरे-धीरे बढ़ाई जा सकती है।
क्या किसी एक एक्सरसाइज से हार्ट अटैक होता है?
यह कहना सही नहीं होगा कि किसी एक खास एक्सरसाइज से हर व्यक्ति में हार्ट अटैक का खतरा पैदा होता है। जोखिम व्यक्ति की उम्र, फिटनेस, पहले से मौजूद हृदय रोग, ब्लड प्रेशर, डायबिटीज और अन्य स्वास्थ्य कारकों पर निर्भर करता है।
नियमित और उचित स्तर की शारीरिक गतिविधि सामान्य तौर पर स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद मानी जाती है। चिंता तब ज्यादा होती है जब कोई व्यक्ति अपनी क्षमता से अचानक बहुत अधिक मेहनत करता है या चेतावनी देने वाले लक्षणों के बावजूद एक्सरसाइज जारी रखता है।