मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने हरियाणा में तालाब प्रबंधन को लेकर बैठक में अहम निर्देश दिए। थ्री-पॉन्ड सिस्टम, तालाबों के सौंदर्यीकरण और ग्राम पंचायतों को जिम्मेदारी देने पर जोर दिया गया।
हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने हरियाणा तालाब एवं अपशिष्ट जल प्रबंधन प्राधिकरण की बैठक की अध्यक्षता करते हुए राज्य में तालाबों के बेहतर प्रबंधन और रखरखाव को लेकर कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए।
तालाबों के सौंदर्यीकरण और स्वच्छता पर फोकस
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि तालाबों का सौंदर्यीकरण किया जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि उनमें गंदा पानी जमा न हो। उन्होंने कहा कि गांवों से निकलने वाले गंदे पानी को सीधे तालाबों में डालने से बचाया जाए।
मुख्यमंत्री श्री @NayabSainiBJP ने हरियाणा तालाब एवं अपशिष्ट जल प्रबंधन प्राधिकरण की बैठक की अध्यक्षता करते हुए अधिकारियों को तालाबों के बेहतर प्रबंधन और रख-रखाव के निर्देश दिए।
तालाबों के सौंदर्यीकरण के साथ यह भी सुनिश्चित किया जाए कि गंदा पानी जमा न हो। गांवों के गंदे पानी को… pic.twitter.com/J9fddMyUFM
— DPR Haryana (@DiprHaryana) May 19, 2026
थ्री-पॉन्ड सिस्टम लागू करने के निर्देश
नायब सिंह सैनी ने ग्रामीण क्षेत्रों में अपशिष्ट जल प्रबंधन के लिए थ्री-पॉन्ड सिस्टम विकसित करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि इस व्यवस्था से पानी का बेहतर शोधन होगा और पर्यावरण को होने वाले नुकसान को कम किया जा सकेगा।
also read: अनिल विज: हरियाणा में “श्रममित्र” ऐप जल्द होगा लॉन्च,…
ग्राम पंचायतों को दी जाएगी जिम्मेदारी
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि तालाबों के रखरखाव और देखभाल की जिम्मेदारी संबंधित ग्राम पंचायतों को सौंपी जाए, ताकि स्थानीय स्तर पर बेहतर निगरानी और प्रबंधन सुनिश्चित किया जा सके।
मछली पालन को बढ़ावा देने की योजना
बैठक में मुख्यमंत्री ने बड़े तालाबों में मछली पालन को बढ़ावा देने पर भी जोर दिया। इसके लिए तालाबों की बोली ऑनलाइन ऑक्शन पोर्टल के माध्यम से कराने की बात कही गई, जिससे पारदर्शिता और आर्थिक लाभ सुनिश्चित हो सके।