राजनाथ सिंह ने भारतीय तटरक्षक बल के लिए बड़े सुधारों का ऐलान किया। नई नीतियों से महिलाओं को समान अवसर और लापता कर्मियों के परिवारों को राहत मिलेगी।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भारतीय तटरक्षक बल (Indian Coast Guard) के लिए मंगलवार को दो महत्वपूर्ण नीतिगत सुधारों की घोषणा की। इन सुधारों का उद्देश्य तटरक्षक बल में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाना, भर्ती प्रक्रिया को अधिक समान बनाना और ड्यूटी के दौरान समुद्र में लापता होने वाले कर्मियों के परिवारों को आर्थिक सहायता पहुंचाने की प्रक्रिया को आसान बनाना है।
नई दिल्ली स्थित कर्तव्य भवन-2 में आयोजित कार्यक्रम में रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह, भारतीय तटरक्षक बल के महानिदेशक परमेश शिवमणि सहित रक्षा मंत्रालय और आईसीजी के कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
भारतीय तटरक्षक बल को आधुनिक बनाने की दिशा में बड़ा कदम
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भारतीय तटरक्षक बल की पिछले पांच दशकों की सेवाओं की सराहना की। उन्होंने कहा कि नई नीतियां बल के जवानों और अधिकारियों का मनोबल बढ़ाने के साथ-साथ इसकी परिचालन क्षमता को भी मजबूत करेंगी।
उन्होंने कहा कि भारतीय तटरक्षक बल वर्ष 2027 में अपनी स्वर्ण जयंती मनाने जा रहा है और सरकार इसे एक आधुनिक, सक्षम तथा भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार समुद्री सुरक्षा बल के रूप में विकसित करने के लिए प्रतिबद्ध है।
Glad to unveil two landmark policy reforms for @IndianCoastGuard today, as we march towards its Swarnim Jayanti in 2027.
In line with our unwavering commitment to #NariShakti, we have introduced a gender-neutral framework ensuring equal opportunities in the induction, training,… pic.twitter.com/X6VN72M15Q
— Rajnath Singh (@rajnathsingh) July 28, 2026
ICG में महिलाओं के लिए बढ़ेंगे करियर के अवसर
पहले सुधार के तहत भारतीय तटरक्षक बल में अधिकारियों की भर्ती के लिए लिंग-तटस्थ (Gender Neutral) व्यवस्था लागू की गई है। इसके तहत महिला उम्मीदवारों को पुरुष उम्मीदवारों के समान अवसर प्रदान किए जाएंगे।
नई नीति के अनुसार, महिलाओं को शॉर्ट सर्विस अपॉइंटमेंट (SSA) और परमानेंट अपॉइंटमेंट (PA) दोनों विकल्पों में समान अवसर मिलेगा। इसके साथ ही अब पुरुष उम्मीदवारों के लिए भी SSA का विकल्प उपलब्ध होगा।
नीति में यह भी प्रावधान किया गया है कि शुरुआती प्रशिक्षण से लेकर करियर विकास तक सभी अधिकारियों को समान अवसर दिए जाएंगे। मौजूदा महिला स्थायी अधिकारियों को भी पात्रता पूरी करने पर उच्च पदों पर पदोन्नति के लिए विचार किया जाएगा।
इसके अलावा, शॉर्ट सर्विस अपॉइंटमेंट पर कार्यरत महिला अधिकारियों को निर्धारित मानकों को पूरा करने पर स्थायी नियुक्ति (PA) में शामिल होने का अवसर मिलेगा।
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समुद्र में लापता जवानों के परिवारों को जल्द मिलेगी आर्थिक सहायता
दूसरे सुधार के तहत उन आईसीजी कर्मियों के परिवारों को राहत देने का प्रावधान किया गया है, जो ड्यूटी के दौरान समुद्र में लापता हो जाते हैं। नई नीति के अनुसार, ऐसे मामलों में कर्मियों को निर्धारित प्रक्रिया के तहत मृत घोषित करने का अधिकार प्रदान किया गया है, जिससे उनके परिवारों को अनुग्रह राशि और अन्य अंतिम लाभ प्राप्त करने में तेजी आएगी।
इसरक्षा मंत्रालय के अनुसार, ये दोनों सुधार भारतीय तटरक्षक बल को अधिक समावेशी और प्रभावी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं। सरकार का उद्देश्य महिला अधिकारियों बदलाव से परिवारों को लंबी प्रशासनिक प्रक्रिया से राहत मिलेगी और कठिन परिस्थितियों में उन्हें समय पर आर्थिक सहायता मिल सकेगी।
सरकार का लक्ष्य: मजबूत और समावेशी समुद्री सुरक्षा बल
रक्षा मंत्रालय के अनुसार, ये दोनों सुधार भारतीय तटरक्षक बल को अधिक समावेशी और प्रभावी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं। सरकार का उद्देश्य महिला अधिकारियों को समान अवसर देना और देश की समुद्री सुरक्षा में योगदान देने वाले कर्मियों के परिवारों को बेहतर सहायता उपलब्ध कराना है।
इन नीतिगत बदलावों से भारतीय तटरक्षक बल में पारदर्शिता, समानता और प्रशासनिक दक्षता को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।