Saturday, April 18, 2026

कैसे फैलता है Cancer? क्या ऑक्सीजन की कमी से है कोई संबंध?

by editor
कैसे फैलता है Cancer? क्या ऑक्सीजन की कमी से है कोई संबंध?

Cancer का इलाज कराना आसान नहीं होता, खासकर जब यह अंतिम चरण में पहुंच जाता है, तब मरीज के ठीक होने की संभावना काफी कम हो जाती है। Cancer और ऑक्सीजन का भी एक संबंध होता है। आइए इस बारे में विस्तार से जानते हैं।

Cancer और ऑक्सीजन का संबंध: जानिए अहम तथ्य

चिकित्सा विज्ञान ने काफी प्रगति की है, लेकिन कैंसर के मरीजों की जान बचाना अब भी एक बड़ी चुनौती बना हुआ है। जिस तरह से इस बीमारी के मामले लगातार बढ़ रहे हैं, यह गंभीर खतरे की ओर इशारा करता है। Cancer के कई कारण हो सकते हैं, जिन पर चर्चा होती रहती है, लेकिन एक महत्वपूर्ण पहलू यह भी है कि इसका संबंध शरीर में ऑक्सीजन की कमी से हो सकता है। Cancer सेल्स ऑक्सीजन पर निर्भर करती हैं, और इनके आपसी संबंध को समझने से पहले कुछ अहम तथ्य जानना जरूरी है।

भारत में तेजी से बढ़ रहे Cancer के मामले

विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) अनुसार, भारत में पिछले तीन वर्षों से हर साल 14 लाख से अधिक नए Cancer के मामले सामने आ रहे हैं। चिंता की बात यह है कि अब कम उम्र के लोग भी इस बीमारी की चपेट में आ रहे हैं।

Cancer कैसे होता है?

हमारे शरीर में करीब 37 लाख करोड़ सेल्स (कोशिकाएं) होती हैं, जिनका अपना अलग-अलग काम होता है। ये कोशिकाएं लगातार बनती और नष्ट होती रहती हैं। लेकिन जब किसी कारणवश शरीर के किसी हिस्से में ये कोशिकाएं अनियंत्रित रूप से बढ़ने लगती हैं, तो Cancer विकसित हो जाता है। अब सवाल यह उठता है कि आखिर ये कोशिकाएं अनियंत्रित तरीके से बढ़ती क्यों हैं?

Cancer कैसे बढ़ता है? विशेषज्ञ की राय

 हर व्यक्ति के शरीर में फ्री रेडिकल्स मौजूद होते हैं। लेकिन अगर खानपान असंतुलित हो, नशे की लत हो और व्यक्ति लगातार प्रदूषित माहौल में रहे, तो फ्री रेडिकल्स की मात्रा बढ़ने लगती है। जब ये अधिक हो जाते हैं, तो डीएनए को नुकसान पहुंचाते हैं, जिससे कोशिकाओं (सेल्स) की सामान्य प्रक्रिया बाधित हो जाती है और वे अनियंत्रित रूप से बढ़ने लगती हैं। यही Cancer का शुरुआती कारण बनता है।

जीवनशैली और Cancer का संबंध

 हमारी दिनचर्या और खानपान का सीधा असर शरीर की कोशिकाओं पर पड़ता है। उदाहरण के लिए, यदि कोई व्यक्ति रोजाना सिगरेट पीता है और लंबे समय तक यह आदत बनी रहती है, तो उसके फेफड़ों पर इसका नकारात्मक प्रभाव पड़ता है। धीरे-धीरे शरीर की प्रतिरोधक क्षमता (इम्यूनिटी) कमजोर होने लगती है, जिससे फेफड़ों को नुकसान पहुंचता है। समय के साथ शरीर इस क्षति को ठीक नहीं कर पाता, जिससे फेफड़ों की कोशिकाएं अनियंत्रित रूप से बढ़ने लगती हैं। अगर इस स्थिति को समय रहते नहीं पहचाना गया, तो यही Cancer का रूप ले सकती है और शरीर में फैल सकती है।

कैसे फैलता है Cancer ? विशेषज्ञ की राय

Cancer  शुरुआत में केवल एक अंग में होता है, लेकिन यदि समय पर इलाज न मिले, तो Cancer सेल्स धीरे-धीरे अन्य अंगों में फैलने लगती हैं। Cancer का प्रसार ट्यूमर के आसपास के वातावरण और व्यक्ति की इम्यूनिटी पर निर्भर करता है। जिन लोगों की प्रतिरोधक क्षमता कमजोर होती है, उनमें यह बीमारी तेजी से फैलती है। यही कारण है कि कम इम्यूनिटी वाले व्यक्तियों को Cancer होने का जोखिम अधिक रहता है।

Cancer का शुरुआती और उन्नत चरण

अगर किसी व्यक्ति को गले का Cancer हुआ है और यह केवल गले तक सीमित है, तो इसे शुरुआती चरण का Cancer माना जाता है। लेकिन यदि यह सिर, फेफड़ों या पेट तक फैल जाता है, तो यह एडवांस स्टेज का कैंसर बन जाता है। मेडिकल भाषा में जब कैंCancer सर एक अंग से दूसरे अंग में फैलता है, तो इसे मेटास्टेसिस कहा जाता है। चिंता की बात यह है कि यदि Cancer पूरे शरीर में फैल जाता है, तो इसे नियंत्रित करना बहुत मुश्किल हो जाता है।

क्यों नहीं रुकता Cancer फैलने के बाद?

Cancer सेल्स समय के साथ खुद को बदलती रहती हैं। इनमें जेनेटिक बदलाव इतनी तेजी से होते हैं कि ये ट्रीटमेंट के दौरान दी जाने वाली दवाओं और थेरेपी के खिलाफ प्रतिरोधक क्षमता (रेजिस्टेंस) विकसित कर लेती हैं। यही वजह है कि इलाज कुछ समय तक असरदार रहता है, लेकिन बाद में बेअसर होने लगता है।

Cancer सेल्स का इम्यूनिटी से बच निकलना

Cancer सेल्स और सामान्य सेल्स में बड़ा अंतर होता है। सामान्य सेल्स में कुछ सुरक्षा तंत्र होते हैं, जो उनकी अनियंत्रित वृद्धि को रोकते हैं। लेकिन Cancer सेल्स में यह प्रक्रिया नहीं होती। वे शरीर की प्रतिरक्षा प्रणाली (इम्यूनिटी) से बचने में सक्षम होती हैं, जिससे वे लगातार बढ़ती रहती हैं। जब ये पूरी तरह नियंत्रण से बाहर हो जाती हैं, तो Cancer पूरे शरीर में फैल जाता है और मरीज की जान जोखिम में पड़ जाती है।

You may also like

कंगना रनौत ने चिराग पासवान संग रिश्ते पर तोड़ी चुप्पी, कहा– ‘होता तो बच्चे होते! इंटरफेथ शादी पर बवाल: ट्रोलिंग से टूटी कनिका, वीडियो में छलका दर्द ,बोलीं—“असली सनातनी बनो” 44 की उम्र में दुल्हन बनेंगी अनुषा दांडेकर?, ‘Save the Date’ ने मचाया तहलका 40 की उम्र में सिंगल, प्यार में मिला धोखा, नहीं बनना चाहतीं मां, शक्ति मोहन का चौंकाने वाला फैसला सुरों की मलिका Asha Bhosle का निधन, 92 की उम्र में दुनिया को कहा अलविदा