अरविंद केजरीवाल ने पीएम मोदी को पत्र लिखकर E20 पेट्रोल पर चर्चा के लिए समय मांगा और पेट्रोल पंपों पर शुद्ध पेट्रोल का विकल्प देने की मांग की।
आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर E20 पेट्रोल से जुड़े मुद्दों पर मुलाकात का समय मांगा है। उन्होंने कहा कि इस विषय पर लोगों से मिले फीडबैक और तकनीकी पहलुओं पर प्रधानमंत्री के साथ विस्तार से चर्चा करना चाहते हैं।
केजरीवाल ने उम्मीद जताई कि प्रधानमंत्री उन्हें जल्द मुलाकात का समय देंगे ताकि इस महत्वपूर्ण विषय पर अपनी बात रखी जा सके।
पेट्रोल पंपों पर शुद्ध पेट्रोल का विकल्प देने की मांग
अपने पत्र में अरविंद केजरीवाल ने कहा कि देश के उपभोक्ताओं को पेट्रोल पंपों पर अपनी जरूरत के अनुसार शुद्ध पेट्रोल (Pure Petrol) या E20 पेट्रोल खरीदने का विकल्प मिलना चाहिए।
कल मैंने प्रधानमंत्री जी को पत्र लिखा।
आइए मिलकर E20 के खिलाफ आवाज़ उठाते हैं। नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें और प्रधानमंत्री के नाम पेटिशन पर साइन करें। प्रधानमंत्री के साथ अपने अनुभव भी साझा करें।https://t.co/YUCS3YFl4U pic.twitter.com/qci8Ja6QPg
— Arvind Kejriwal (@ArvindKejriwal) July 14, 2026
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उन्होंने सुझाव दिया कि यदि कोई ग्राहक E20 पेट्रोल लेना चाहता है तो उसे यह सुविधा मिले, वहीं जो लोग सामान्य पेट्रोल का उपयोग करना चाहते हैं, उनके लिए भी शुद्ध पेट्रोल उपलब्ध होना चाहिए।
लोगों की चिंताओं का किया जिक्र
केजरीवाल ने कहा कि उन्होंने E20 पेट्रोल को लेकर कई लोगों से बातचीत की और उनकी राय जानी। इस दौरान उन्हें तकनीकी और उपयोग से जुड़ी कई चिंताओं की जानकारी मिली।
उन्होंने कहा कि इन्हीं सुझावों और लोगों की प्रतिक्रियाओं को प्रधानमंत्री के सामने रखने के लिए उन्होंने मुलाकात का अनुरोध किया है।
तकनीकी पहलुओं पर चर्चा की इच्छा
AAP प्रमुख ने पत्र में लिखा कि वह E20 पेट्रोल से जुड़े तकनीकी मुद्दों और आम लोगों के अनुभवों को विस्तार से साझा करना चाहते हैं। उनका मानना है कि इस विषय पर विशेषज्ञों और सरकार के बीच खुली चर्चा से बेहतर समाधान निकल सकता है।
जल्द मुलाकात की जताई उम्मीद
अरविंद केजरीवाल ने अपने पत्र में उम्मीद जताई कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उन्हें जल्द समय देंगे ताकि E20 पेट्रोल से जुड़े मुद्दों और उपभोक्ताओं की पसंद के विकल्प पर सकारात्मक चर्चा हो सके।
उन्होंने कहा कि ईंधन से जुड़े फैसलों में उपभोक्ताओं की सुविधा और उनकी पसंद को भी प्राथमिकता मिलनी चाहिए।