Saturday, September 12, 2026

इसुदान गढ़वी: 30 सितंबर तक इंतजार करने के बजाय बिगड़ती स्थिति को ध्यान में रखते हुए तत्काल सूखा घोषित करें।

by editor
इसुदान गढ़वी: 30 सितंबर तक इंतजार करने के बजाय बिगड़ती स्थिति को ध्यान में रखते हुए तत्काल सूखा घोषित करें।

इसुदान गढ़वी: अब नई बारिश हो तो भी विफल हो चुकी फसल में कोई सुधार संभव नहीं होने के कारण राज्य सरकार को तत्काल निर्णय लेना चाहिए।

आम आदमी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष इसुदान गढ़वी ने वीडियो के माध्यम से राज्य में उत्पन्न हुई गंभीर स्थिति को लेकर चिंता व्यक्त करते हुए बताया था कि, आज गुजरात के किसान, पशुपालक, मजदूर और खेती करने वाले भागिया अत्यंत चिंतित हैं। भाजपा सरकार के मंत्री ऐसे बयान दे रहे हैं जिससे किसानों की चिंता बढ़ रही है। मंत्री ऐसा बयान देते हैं कि 30 सितंबर को मानसून समाप्त होने के बाद आकलन करके सूखे के संबंध में विचार किया जाएगा, जो अत्यंत शर्मनाक है। देवभूमि द्वारका, जामनगर सहित के क्षेत्रों में कम बारिश हुई है और हम स्वयं गांवों में जाकर सूख चुकी मूंगफली की फसल देख चुके हैं। शायद अब दो इंच बारिश हो जाए तो भी सूख चुकी फसल में कुछ वापस आने वाला नहीं है। राज्य सरकार के 2016 के नॉर्म्स के अनुसार भी लगातार चार सप्ताह बारिश न हो तो सूखा घोषित किया जा सकता है, फिर भी सरकार कोई कड़े कदम नहीं उठा रही है।

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’आप’ नेता इसुदान गढ़वी ने आगे बताया था कि, भाजपा सरकार उद्योगपतियों के करोड़ों रुपये के कर्ज माफ करने के लिए तत्पर रहती है लेकिन किसानों और पशुपालकों को बेसहारा छोड़ दिया है। भाजपा के सभी विधायक और सांसद तोते बन गए हैं और किसानों के हित में सरकार पर दबाव बनाने में विफल रहे हैं। उन्होंने वास्तविक स्थिति देखने के लिए मुख्यमंत्री से स्वयं हेलीकॉप्टर लेकर कलेक्टर के साथ द्वारका, पोरबंदर और जामनगर जैसे प्रभावित क्षेत्रों का दौरा करने और तत्काल किसानों के खातों में पैसे जमा करवाकर सूखा घोषित करने की मांग की थी। वर्तमान समय में पीने के पानी, सिंचाई के पानी और चारे की भारी कमी है, इसलिए सरकार को केवल एक-दो गट्ठर चारा देकर संतोष मानने के बजाय चारे की उचित व्यवस्था करनी चाहिए तथा मनरेगा के तहत काम के दिनों में वृद्धि करनी चाहिए। इसुदान गढ़वी ने कहा कि, मंत्री अपने बयान में बदलाव करके नया बयान दें, किसानों को आश्वासन दें और जल्द से जल्द सूखा घोषित करें, ऐसी मांग है।

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