आम आदमी पार्टी ने दिल्ली के पूर्व मंत्रियों Saurabh Bhardwaj और सत्येंद्र जैन के खिलाफ दर्ज एफआईआर को सार्वजनिक न करने को लेकर भाजपा सरकार पर निशाना साधा है। पार्टी ने कहा है कि अस्पताल निर्माण को लेकर लगाए गए सभी आरोप बेबुनियाद हैं और भाजपा केवल हमारे नेताओं को बदनाम करने की कोशिश कर रही है।
Saurabh Bhardwaj ने स्पष्ट किया कि जिस हॉस्पिटल इंफॉर्मेशन मैनेजमेंट सिस्टम (HIMS) प्रोजेक्ट का जिक्र किया जा रहा है, उसकी घोषणा 2016-17 में हुई थी और अस्पताल निर्माण परियोजनाएं 2017-18 व 2018-19 में स्वीकृत हुईं, जबकि वे खुद मार्च 2023 में मंत्री बने। उन्होंने सवाल उठाया, “जब मैं उस वक्त मंत्री ही नहीं था, तो फिर मुझ पर आरोप कैसे लग सकते हैं?” उन्होंने यह भी पूछा कि सरकार FIR को सामने क्यों नहीं ला रही, क्या उसमें कुछ ऐसा है जिसे छुपाया जा रहा है?
Saurabh Bhardwaj ने सोशल मीडिया पर कहा कि एलजी और एसीबी प्रमुख के प्रेस नोट्स में कई विरोधाभास हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि एलजी इस पर स्पष्टीकरण देंगे।
वहीं, सत्येंद्र जैन ने भी भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि अब तक कोई ऐसा प्रमाण सामने नहीं आया है जिससे यह साबित हो सके कि इन परियोजनाओं में भ्रष्टाचार हुआ। उन्होंने यह भी जोड़ा कि जिन मामलों की जांच हो रही है, वे सौरभ भारद्वाज के मंत्री बनने से वर्षों पहले के हैं। उन्होंने तंज कसते हुए पूछा कि क्या अब मंत्री बनने से पहले की परियोजनाओं के लिए भी जिम्मेदार ठहराया जाएगा?
AAP ने सवाल उठाया कि क्या FIR इतनी कमज़ोर या हास्यास्पद है कि भाजपा उसे सार्वजनिक करने से डर रही है? उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्रीय एजेंसियों का दुरुपयोग कर विपक्षी नेताओं को निशाना बनाया जा रहा है।