GTB अस्पताल के बाहर AAP प्रदर्शन, सौरभ भारद्वाज ने दिल्ली स्वास्थ्य विभाग में 650 करोड़ के कथित घोटाले का आरोप लगाया। दवाइयों और मशीनों पर सवाल।
दिल्ली के सरकारी अस्पतालों में कथित दवा और स्वास्थ्य घोटाले को लेकर आम आदमी पार्टी (AAP) ने मोर्चा खोल दिया है। पार्टी नेताओं ने गुरु तेग बहादुर (GTB) अस्पताल के बाहर प्रदर्शन करते हुए दिल्ली सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। AAP दिल्ली अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने दावा किया कि स्वास्थ्य विभाग में करीब 650 करोड़ रुपये का घोटाला हुआ है।
सौरभ भारद्वाज ने आरोप लगाया कि सरकारी अस्पतालों में मरीजों को मिलने वाली दवाइयों, मेडिकल उपकरणों और अन्य जरूरी सुविधाओं की खरीद में बड़े स्तर पर अनियमितताएं हुई हैं। उन्होंने दावा किया कि इस कथित घोटाले का मुख्य आरोपी देश छोड़कर जर्मनी चला गया है।
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दवाइयों की खरीद में करोड़ों के भ्रष्टाचार का आरोप
प्रदर्शन के दौरान सौरभ भारद्वाज ने कहा कि दिल्ली के अस्पतालों में गरीब मरीजों को मुफ्त दवाइयां उपलब्ध नहीं हो पा रही हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि इसके पीछे स्वास्थ्य विभाग में हुआ बड़ा भ्रष्टाचार जिम्मेदार है।
AAP नेता ने दावा किया कि करीब 100 करोड़ रुपये की दवाइयों की खरीद के बदले सरकारी रिकॉर्ड में लगभग 400 करोड़ रुपये का भुगतान दिखाया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि इस प्रक्रिया में करीब 300 करोड़ रुपये के कमीशन का खेल हुआ।
दिल्ली में भाजपा सरकार के ₹650 करोड़ के स्वास्थ्य घोटाले के विरोध में गुरु तेग बहादुर अस्पताल के बाहर आम आदमी पार्टी का शांतिपूर्ण प्रदर्शन। pic.twitter.com/eLHPVkWxYJ
— Aam Aadmi Party Delhi (@AAPDelhi) July 8, 2026
एक्स-रे मशीन और अस्पताल सुविधाओं पर भी उठाए सवाल
सौरभ भारद्वाज ने आरोप लगाया कि कथित अनियमितताएं केवल दवाइयों तक सीमित नहीं हैं। उन्होंने एक्स-रे मशीनों की खरीद और अस्पतालों में इस्तेमाल होने वाली अन्य सामग्री को लेकर भी सवाल उठाए।
उन्होंने दावा किया कि एक्स-रे मशीनों की खरीद में करीब 103 करोड़ रुपये और मरीजों के लिए इस्तेमाल होने वाली बेड की चादरों में लगभग 50 करोड़ रुपये की गड़बड़ी हुई है।
दिल्ली की राजनीति में बढ़ी हलचल
AAP के इस प्रदर्शन के बाद दिल्ली की राजनीति में आरोप-प्रत्यारोप तेज हो गए हैं। पार्टी ने मांग की है कि पूरे मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाए।
वहीं, इन आरोपों पर संबंधित पक्षों की प्रतिक्रिया आने के बाद ही मामले की स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी। फिलहाल स्वास्थ्य सेवाओं और कथित भ्रष्टाचार को लेकर दिल्ली में राजनीतिक माहौल गर्म है।