Friday, July 24, 2026

भगवंत मान सरकार ने चुनाव विभाग के सेवा नियमों में किया संशोधन, चुनावी मशीनरी को मिलेगी मजबूती

by Neha
भगवंत मान सरकार ने चुनाव विभाग के सेवा नियमों में किया संशोधन, चुनावी मशीनरी को मिलेगी मजबूती

मुख्यमंत्री भगवंत मान की अध्यक्षता में पंजाब कैबिनेट ने चुनाव विभाग के सेवा नियमों में संशोधन को मंजूरी दी। फैसले से रिक्त पदों को भरने और मतदाता सूची पुनरीक्षण कार्य को सुचारू बनाने में मदद मिलेगी।

पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान की अध्यक्षता में हुई मंत्रिमंडल बैठक में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। कैबिनेट ने आगामी विधानसभा चुनावों को ध्यान में रखते हुए चुनाव विभाग के सेवा नियमों में संशोधन को मंजूरी प्रदान की है। इस फैसले का उद्देश्य चुनावी प्रक्रिया को अधिक प्रभावी बनाना और विभाग में लंबे समय से लंबित प्रशासनिक बाधाओं को दूर करना है।

चुनाव विभाग में रिक्त पदों को भरने का रास्ता साफ

कैबिनेट के निर्णय के तहत चुनाव कानूनगो से चुनाव तहसीलदार पद पर पदोन्नति के लिए आवश्यक अनुभव को 15 वर्ष से घटाकर 12 वर्ष कर दिया गया है। विभाग में चुनाव तहसीलदार के कई पद लंबे समय से रिक्त पड़े थे, जिससे चुनाव संबंधी कार्यों के संचालन में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा था।

सरकार का मानना है कि इस संशोधन से योग्य कर्मचारियों को पदोन्नति का अवसर मिलेगा और चुनाव विभाग में आवश्यक मानव संसाधन उपलब्ध हो सकेगा।

also read: नगर निकाय चुनावों को लेकर AAP की अहम बैठक, चुनावी रणनीति…

मतदाता सूची पुनरीक्षण कार्य को मिलेगा बल

आगामी चुनावों से पहले मतदाता सूचियों के विशेष पुनरीक्षण का कार्य जारी है। ऐसे में विभाग में पर्याप्त अधिकारियों की उपलब्धता सुनिश्चित करना जरूरी था। नए संशोधन के बाद इस प्रक्रिया को अधिक व्यवस्थित और प्रभावी ढंग से पूरा किया जा सकेगा।

प्रशासनिक सुधार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम

सरकार के अनुसार यह निर्णय चुनाव विभाग में कार्यकुशलता बढ़ाने और प्रशासनिक ढांचे को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इससे चुनावी कार्यों के संचालन में तेजी आएगी और विभाग की क्षमता में वृद्धि होगी।

जल संसाधन विभाग की वार्षिक रिपोर्ट को भी मंजूरी

मंत्रिमंडल ने बैठक के दौरान वर्ष 2025-26 के लिए जल संसाधन विभाग की वार्षिक प्रशासनिक रिपोर्ट को भी मंजूरी प्रदान की। इस रिपोर्ट के माध्यम से विभाग की गतिविधियों, उपलब्धियों और प्रशासनिक कार्यों का मूल्यांकन एवं दस्तावेजीकरण किया जाएगा।

सरकार का कहना है कि यह रिपोर्ट विभागीय कार्यप्रणाली की समीक्षा और भविष्य की योजनाओं को बेहतर बनाने में सहायक सिद्ध होगी।

You may also like

क्या खत्म होने वाली है 20 साल की शादी? 3 बेटियों के पिता करणवीर बोहरा ने तलाक की अफवाहों पर तोड़ी चुप्पी ‘मेरे पापा भी ऐसा नहीं करते’… राम कपूर पर श्रेया कालरा का फूटा गुस्सा ‘अगर ये सच बतातीं तो बिग बॉस नहीं जीततीं’ – हिना खान का बड़ा दावा क्या हिंदू लड़की मुस्लिम दोस्त नहीं बना सकती? सैफी संग रिश्ते का बताया सच ‘शादी से पहले मैं प्लेबॉय था’, राम कपूर ने खोले अपनी डेटिंग लाइफ के कई राज