Saturday, April 18, 2026

चैतर वसावा: गुजरात में चल रही इमरजेंसी जैसी स्थिति के मुद्दे पर केजरीवालजी ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखा

by Neha
चैतर वसावा: गुजरात में चल रही इमरजेंसी जैसी स्थिति के मुद्दे पर केजरीवालजी ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखा

चैतर वसावा: जनता को संविधान बचाने और लोकतंत्र को जीवित रखने के लिए एकजुट होकर पुलिस की प्रताड़ना के खिलाफ लड़ना होगा

आम आदमी पार्टी के डेडियापाड़ा के विधायक चैतर वसावा ने वीडियो के माध्यम से कहा कि गुजरात में उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी के इशारे पर डीजी, आईजी और एसपी स्तर के आईपीएस पुलिस अधिकारियों द्वारा आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं, नेताओं तथा आगामी स्थानीय स्वराज के चुनावों में उम्मीदवार बनने वालों को परेशान किया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि कार्यकर्ताओं के घर जाकर उन पर दबाव बनाया जाता है, रास्ते में रोककर हिरासत में लिया जाता है और झूठी एफआईआर दर्ज कर उन्हें जेल भेजा जाता है। इस स्थिति को उन्होंने इमरजेंसी जैसी स्थिति बताया है।

also read: मनोज सोरठिया: गुजरात की जनता तक सच्चाई पहुंचाने के लिए…

‘आप’ विधायक चैतर वसावा ने कहा कि इस गंभीर मुद्दे को ध्यान में रखते हुए आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने गुजरात के मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर इस मुद्दे पर ध्यान आकर्षित किया है। पत्र में कहा गया है कि लोकतंत्र में प्रत्येक राजनीतिक दल के कार्यकर्ताओं को जनता के बीच जाकर चुनाव लड़ने का संवैधानिक अधिकार है, इसलिए चुनाव निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से हों, इसके लिए मुख्यमंत्री द्वारा पुलिस को उचित निर्देश दिए जाएं और चुनाव आयोग को भी इस संबंध में सूचित किया जाए।

‘आप’ विधायक चैतर वसावा ने गुजरात की जनता से अपील की कि जब स्थानीय स्वराज के चुनावों में हार का डर सताता है, तब सत्ताधारी पार्टी द्वारा इस प्रकार की कार्रवाई अत्यंत चिंताजनक है। आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ता और नेता जनता की आवाज बनने का प्रयास कर रहे हैं और एक मजबूत विपक्ष के रूप में चुनाव में भाग ले रहे हैं, ऐसे में उन्हें और उनके परिवारजनों को परेशान करने की कोशिश की जा रही है। चैतर वसावा ने कहा कि भाजपा सरकार चुनाव जीतने के लिए अनियमितताओं का सहारा ले रही है, जो लोकतंत्र के लिए खतरनाक है। उन्होंने जनता से अपील की कि सभी मिलकर संविधान को बचाने, लोकतंत्र को जीवित रखने और चुनाव को पारदर्शी तरीके से कराने के लिए एकजुट होकर इस प्रकार की पुलिस प्रताड़ना के खिलाफ लड़ना आवश्यक है। उन्होंने अंत में कहा कि आम आदमी पार्टी एक आंदोलन से निकली हुई पार्टी है और हम झूठी एफआईआर, पुलिस जांच या दबाव से डरने वाले नहीं हैं। जब जनता जागेगी तो हर जिम्मेदार व्यक्ति को जवाब देना पड़ेगा। यह केवल आम आदमी पार्टी का मुद्दा नहीं है, बल्कि पूरे गुजरात की छह करोड़ जनता का मुद्दा है। इसलिए सभी जनता से अपील है कि वे जागरूक बनें और इस न्याय की लड़ाई में भागीदार बनें।

You may also like

कंगना रनौत ने चिराग पासवान संग रिश्ते पर तोड़ी चुप्पी, कहा– ‘होता तो बच्चे होते! इंटरफेथ शादी पर बवाल: ट्रोलिंग से टूटी कनिका, वीडियो में छलका दर्द ,बोलीं—“असली सनातनी बनो” 44 की उम्र में दुल्हन बनेंगी अनुषा दांडेकर?, ‘Save the Date’ ने मचाया तहलका 40 की उम्र में सिंगल, प्यार में मिला धोखा, नहीं बनना चाहतीं मां, शक्ति मोहन का चौंकाने वाला फैसला सुरों की मलिका Asha Bhosle का निधन, 92 की उम्र में दुनिया को कहा अलविदा