CWC: कांग्रेस वर्किंग कमेटी मीटिंग में आगे की रणनीति पर चर्चा हुई, जिसमें राजनीतिक परिस्थितियां, पेपर लीक, छात्रों का प्रदर्शन, बल प्रयोग, छात्रों की गूंज, ओबीसी जनगणना और राम मंदिर चढ़ावा चोरी शामिल थे।
नई दिल्ली के इंदिरा भवन में कांग्रेस वर्किंग कमेटी (CWC) की एक महत्वपूर्ण बैठक हुई। कांग्रेस वर्किंग कमेटी मीटिंग में देश की वर्तमान राजनीतिक स्थिति, पेपर लीक, छात्रों का प्रदर्शन, बल प्रयोग, छात्रों की गूंज, ओबीसी जनगणना और राम मंदिर चढ़ावा चोरी सहित आगे की रणनीति पर चर्चा हुई।
कांग्रेस अध्यक्ष खरगे ने कांग्रेस वर्किंग कमेटी मीटिंग में कहा, ‘संसद सत्र खत्म होने के बाद हम लोग पहली बार मिल रहे हैं। कुछ बहुत ही महत्वपूर्ण मुद्दों पर हमें आपस में चर्चा करनी चाहिए। युवा आज हमारी सामूहिक चिंता का सबसे बड़ा मुद्दा हैं। आजादी के आठ दशक हो गए हैं, लेकिन कई महत्वपूर्ण क्षेत्रों में हालात बदतर होते जा रहे हैं।युवाओं को सरकार ने हताशा में डाला- खरगे
कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा, “दुनिया का सबसे युवा देश भारत ही है और युवा हमारा भविष्य हैं, पर सरकार ने युवाओं को हताशा के दलदल में धकेला है।” सांप्रदायिक उन्माद और रेवड़ी कल्चर की होड़ में युवाओं की शिक्षा और नौकरी की सबसे अधिक उपेक्षा हुई है। इस अवसर पर मैं राजीव गांधी जी का स्मरण करना चाहूँगा। उनकी जन्म जयंती कल है। प्रचंड बहुमत की सरकार में रहते हुए, उन्होंने अपनी नीतियों के केंद्र में नौजवानों को रखा।’
कांग्रेस वर्किंग कमेटी मीटिंग, यूपीए सरकार में शिक्षा अधिकारों की वृद्धि
आगे कहा, “UPA सरकार में शिक्षा अधिकार से लेकर संस्थाओं के निर्माण और विकास को गति मिली, लेकिन जब युवाओं पर चर्चा होती है तो हमारे कई साथी, इन बातों को मजबूती से नहीं रखते, जबकि ये हमारी बड़ी उपलब्धियां हैं।” साथ ही, सूचना प्रौद्योगिकी और संचार क्रांति भी बड़ी उपलब्धि हैं, जो 21वीं सदी में भारत को शक्ति देते हैं।’
मोदी सरकार ने युवा भविष्य को बर्बाद किया- खरगे
उनका कहना था कि पिछले 12 वर्षों में मोदी सरकार ने युवाओं का भविष्य बर्बाद कर दिया है। हाल के वर्षों में, नए स्कूल खुलने की जगह ९४ हजार स्कूल बंद हो गए हैं। निजीकरण के दौर में, उच्च शिक्षा लगातार महंगी होती जा रही है और आम परिवारों को इसकी पहुंच से दूर होती जा रही है। शिक्षा संस्थानों में RSS के लोगों का कब्जा होता जा रहा है।’
“इस हालात में भी, पढ़-लिख कर युवा नौकरी की तलाश में निकलता है तो पेपर लीक, भर्ती परीक्षाओं में घोटाला और नियुक्तियों में देरी से उसका सामना होता है,”खरगे ने कहा। इसमें गरीब और कमजोर हैसियत वाले बच्चों की सबसे बुरी हालत होती है। यही कारण है कि देश भर में युवा लोगों में जो क्रोध है, वह एक दिन का नहीं है। इस सरकार को कभी उनकी बात सुनने का मौका नहीं मिला। हर बार, सरकार समस्या को हल करने के लिए कोई स्थायी समाधान खोजती रही। इसलिए उन्हें सड़क पर उतरना पड़ा।’
कांग्रेस के एजेंडे में युवा मुद्दे
उनका कहना था कि कांग्रेस ने अपने एजेंडे में उनके मुद्दों को शामिल किया है। “छात्रों की गूँज” कार्यक्रम के माध्यम से राहुल गांधी ने अपने विचारों को राष्ट्रीय स्तर पर पहुँचाया है। हम सभी ने संसद में भी प्रयास किया कि शिक्षा और परीक्षा पर व्यापक बहस हो। पीएम मोदी और गृह मंत्री अमित शाह पूरे मानसून सत्र में प्रश्नों से बचते रहे, भले ही उन पर हुई ज्यादती पर चर्चा हो या जवाबदेही तय हो। वे अब बोलने लगे हैं, लेकिन वे युवा मुद्दों की जगह अन्य मुद्दों को तूल दे रहे हैं। कांग्रेस युवाओं के लिए भविष्य की तैयारी के लिहाज से स्पष्ट, व्यापक और समयबद्ध शिक्षा-तकनीकी मार्गदर्शिका बनाने का समय आ गया है।
चढ़ावा चोरी का मुद्दा उठाया गया| (CWC Meeting)
कांग्रेस अध्यक्ष ने राम मंदिर को लेकर कहा, ‘जन जन के बीच राम मंदिर में हुए भारी घोटाले का मुद्दा गूंज रहा है। प्रधानमंत्री ने संसद में राम मंदिर बनाने के लिए एक ट्रस्ट की घोषणा की। उन्होंने सोच-समझकर अपने लोगों को ट्रस्ट में रखा होगा। प्रधानमंत्री जी की ट्रस्ट की स्थापना पर आम लोगों ने पूरी तरह से प्रशंसा की और सोना-चांदी दे दी। इसलिए ईमानदारी से काम होगा, लेकिन भारी घोटाला हुआ है। जबकि लोग प्रश्न पूछ रहे हैं, प्रधानमंत्री मोदी लगातार चुप हैं।’
देश जानना चाहता है कि वहां कितना चढ़ावा आया, कितना सोना-चांदी और अन्य बहुमूल्य सामग्री आया? उन्होंने पूछा। उसकी रिपोर्ट क्या है? ये मामला सिर्फ कुछ छोटे लोगों को जेल भेजने से खत्म नहीं होगा। BJP इस मुद्दे को पीछे धकेलने से लोगों में संदेह बढ़ेगा, इसलिए मोदी को देशभक्त जनता से माफी मांगनी चाहिए और इस पर जवाब देना चाहिए।’
सीमा सुरक्षा पर चर्चा
भारतीय सीमा की सुरक्षा को लेकर खरगे ने बैठक में कहा, ‘पिछले दिनों चीन द्वारा हमारी सीमा में अतिक्रमण से जुड़े गंभीर तथ्य सामने आए हैं। सरकार को इस मुद्दे पर ईमानदारी से बोलना चाहिए था, लेकिन आदत के अनुसार, उसने सूत्रों के पीछे छिपकर इन खबरों को गलत बताया है। हमारा स्पष्ट मत है कि राष्ट्रीय सुरक्षा पर राजनीति नहीं होनी चाहिए, लेकिन किसी भी स्तर पर राष्ट्रीय सुरक्षा को अनदेखा भी नहीं किया जाना चाहिए। नागरिकों को अपने देश की सीमाओं की असली हकीकत जानने का अधिकार है।’
कांग्रेस वर्किंग कमेटी मीटिंग के सदस्यों में राहुल गांधी, भूपेश बघेल, रणदीप सुरजेवाला, सचिन पायलट, हरीश रावत, आनंद शर्मा और केरल के मुख्यमंत्री वीडी सतीशन शामिल थे. बैठक में मल्लिकार्जुन खरगे भी उपस्थित थे।