Saturday, April 18, 2026

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने डिब्रूगढ़ के चाय बागान का दौरा किया, श्रमिकों से बातचीत में बताया “चाय असम की आत्मा”

by Neha
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने डिब्रूगढ़ के चाय बागान का दौरा किया, श्रमिकों से बातचीत में बताया “चाय असम की आत्मा”

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने डिब्रूगढ़ के चाय बागान का दौरा किया और श्रमिकों से बातचीत की। उन्होंने चाय की पत्तियां तोड़ी और इसे असम की आत्मा बताया।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को असम के डिब्रूगढ़ में स्थित एक चाय बागान का दौरा किया और वहां काम करने वाले श्रमिकों से बातचीत की। अपने चुनावी दौरे के दौरान पीएम मोदी ने चाय की पत्तियां भी तोड़ीं और उनके योगदान की सराहना की।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने चाय बागान श्रमिकों की मेहनत और लगन को “असम की आत्मा” बताते हुए उनकी मेहनत को असम की गौरव वृद्धि में महत्वपूर्ण बताया।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया पर तस्वीरें साझा करते हुए लिखा, “हम प्रत्येक चाय बागान परिवार के प्रयासों पर गर्व महसूस करते हैं। उनकी मेहनत और समर्पण ने असम को विश्व स्तर पर पहचान दिलाई है। डिब्रूगढ़ के चाय बागान से कुछ खास झलकियाँ यहाँ प्रस्तुत हैं। चाय असम की आत्मा है! आज सुबह डिब्रूगढ़ में चाय बागान में काम कर रही महिलाओं से बातचीत करना एक अविस्मरणीय अनुभव रहा।”

उन्होंने आगे बताया कि चाय की पत्तियां तोड़ने के बाद महिलाओं ने अपनी संस्कृति और परंपराओं के बारे में भी जानकारी साझा की और एक सेल्फी भी ली।असम में 126 विधानसभा सीटों पर मतदान 9 अप्रैल को एक ही चरण में होगा, जबकि वोटों की गिनती 4 मई को की जाएगी।

प्रधानमंत्री ने असम के गोगमुख में एक जनसभा में भाजपा शासन के तहत राज्य के विकास और पिछले दस वर्षों के “सेवा और सुशासन के युग” पर जोर दिया। उन्होंने राज्य में लगातार तीसरी बार जीत हासिल करने का भरोसा जताया।

also read: गुजरात दौरे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, 20,000 करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाओं की सौगात

इसके साथ ही पीएम मोदी ने परोक्ष रूप से कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि आगामी चुनाव “कांग्रेस के स्वघोषित राजकुमार के लिए हार का शतक” साबित होंगे।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, “पहले श्री सरबानंदा सोनोवाल और फिर श्री हिमंता बिस्वा शर्मा के नेतृत्व में असम ने पिछले 10 वर्षों में सेवा और सुशासन का नया युग देखा है। यह चुनाव एक विकसित भारत के लिए एक विकसित असम के निर्माण का चुनाव है। भाजपा-एनडीए की हैट्रिक निश्चित है, वहीं कांग्रेस की हैट्रिक और उनके स्वघोषित राजकुमार की हार का शतक भी तय है।”

You may also like

कंगना रनौत ने चिराग पासवान संग रिश्ते पर तोड़ी चुप्पी, कहा– ‘होता तो बच्चे होते! इंटरफेथ शादी पर बवाल: ट्रोलिंग से टूटी कनिका, वीडियो में छलका दर्द ,बोलीं—“असली सनातनी बनो” 44 की उम्र में दुल्हन बनेंगी अनुषा दांडेकर?, ‘Save the Date’ ने मचाया तहलका 40 की उम्र में सिंगल, प्यार में मिला धोखा, नहीं बनना चाहतीं मां, शक्ति मोहन का चौंकाने वाला फैसला सुरों की मलिका Asha Bhosle का निधन, 92 की उम्र में दुनिया को कहा अलविदा