उत्तराखंड में 45 दिन चला ‘जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ अभियान सफल रहा। 681 शिविरों के माध्यम से 5.33 लाख से अधिक लोगों को लाभ मिला और हजारों जन शिकायतों का मौके पर समाधान किया गया।
उत्तराखंड: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में प्रदेश भर में 45 दिन तक चला ‘जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ अभियान सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। इस अभियान के दौरान कुल 681 शिविरों में प्रत्यक्ष रूप से 5,33,452 लोगों ने भाग लिया और विभिन्न सरकारी सेवाओं का लाभ प्राप्त किया।
अभियान का उद्देश्य लोगों को सरकारी दफ्तरों के चक्कर लगाने से बचाना और उनकी शिकायतों का तत्काल समाधान सुनिश्चित करना था। अभियान के तहत न्याय पंचायत स्तर पर 33,000 से अधिक जनसमस्याओं का मौके पर निस्तारण किया गया।
also read: कुंभ मेला 2027 की तैयारियों का जायजा लेने मुख्यमंत्री…
अभियान की प्रमुख उपलब्धियाँ:
-
कुल 51,053 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें से 33,755 शिकायतों का मौके पर समाधान किया गया।
-
विभिन्न प्रमाणपत्रों और दस्तावेजों के लिए 74,184 आवेदन प्राप्त हुए, जिन पर त्वरित कार्यवाही की जा रही है।
-
अभियान के माध्यम से लोगों को बिना किसी भागदौड़ के सरकारी सेवाएँ उपलब्ध कराई गईं, जिससे सुशासन और पारदर्शिता सुनिश्चित हुई।
मुख्यमंत्री धामी ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए थे कि जनता के हर शिकायत का समाधान समय पर और प्रभावी तरीके से किया जाए। 45 दिन तक चले इस विशेष अभियान ने प्रदेश में सशक्त प्रशासन और जनता के बीच सीधा संपर्क स्थापित किया।
अभियान के समापन के बाद भी प्रशासन जनता के संपर्क में बना रहेगा और अधिकारियों को लगातार जन शिकायतों के समाधान के लिए निर्देशित किया गया है।