योगी सरकार ने यूपी की महिलाओं को नाइट शिफ्ट में काम करने की अनुमति दी। महिलाओं के लिए सुरक्षा, ओवरटाइम की सीमा बढ़ाई गई और खतरनाक उद्योगों में काम करने का अवसर मिला। जानें क्या है नया फैसला।
उत्तर प्रदेश सरकार ने कामकाजी महिलाओं को एक बड़ा तोहफा दिया है। अब महिलाएं रात की शिफ्ट (नाइट शिफ्ट) में काम कर सकेंगी। यह महत्वपूर्ण कदम राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू द्वारा उत्तर प्रदेश कारखाना संशोधन विधेयक की मंजूरी के बाद उठाया गया है। इस फैसले से महिलाओं को सशक्त बनाने और उनके कामकाजी अधिकारों को बढ़ावा देने का लक्ष्य है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के जनसंपर्क विभाग द्वारा जारी बयान के अनुसार, महिलाओं को अब रात 7 बजे से सुबह 6 बजे तक काम करने की अनुमति दी जाएगी, लेकिन इसके लिए उन्हें लिखित सहमति देनी होगी, जो राज्य श्रम विभाग में पंजीकरण के बाद वैध होगी। इस दौरान महिलाओं की सुरक्षा, स्वास्थ्य और परिवहन की कड़ी व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी।
also read: 25 नवंबर को अयोध्या के श्रीराम मंदिर में प्रधानमंत्री…
महिलाओं के लिए सुरक्षा और निगरानी की पुख्ता व्यवस्था
नए प्रावधानों के तहत, महिलाओं के लिए कारखानों में सुरक्षा उपाय और सीसीटीवी निगरानी अनिवार्य की गई है। इसके अलावा, सुरक्षा गार्ड की तैनाती भी सुनिश्चित की जाएगी ताकि कामकाजी महिलाओं को किसी भी प्रकार की असुरक्षा का सामना न करना पड़े।
इस फैसले से महिलाएं अपनी सहमति से रात की शिफ्ट में लगातार 6 घंटे तक बिना किसी अंतराल के काम कर सकती हैं।
ओवरटाइम की सीमा बढ़ाई गई
सरकार ने महिलाओं के ओवरटाइम की सीमा को भी बढ़ा दिया है। अब महिलाएं प्रति तिमाही 144 घंटे तक ओवरटाइम कर सकती हैं, जबकि पहले यह सीमा 75 घंटे थी। इसके साथ ही ओवरटाइम का भुगतान दोगुनी मजदूरी दर से किया जाएगा। यह कदम महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने और उनके लिए बेहतर अवसर पैदा करने के उद्देश्य से उठाया गया है।
महिलाओं को खतरनाक श्रेणियों में काम करने की अनुमति
योगी सरकार ने महिलाओं को खतरनाक उद्योगों में काम करने की अनुमति भी दे दी है। अब महिलाएं 29 खतरनाक श्रेणियों में काम कर सकती हैं, जबकि पहले उन्हें केवल 12 श्रेणियों में काम करने की अनुमति थी। यह निर्णय औद्योगिक विस्तार और तकनीकी आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए लिया गया है।