राजस्थान में 16वीं विधानसभा के चौथे सत्र से पहले आज मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की अध्यक्षता में कैबिनेट की अहम बैठक आयोजित की गई। इस बैठक का उद्देश्य विधानसभा सत्र की रूपरेखा तय करना और कई बड़े नीतिगत एवं विधायी प्रस्तावों पर मुहर लगाना है।
बैठक में मुख्य रूप से राज्यपाल के अभिभाषण, जन कल्याणकारी योजनाओं, महत्वपूर्ण अध्यादेशों और स्थानीय प्रशासनिक सुधारों पर चर्चा होगी। विधानसभा सत्र 28 जनवरी से शुरू होने जा रहा है और पहले दिन राज्यपाल का अभिभाषण पेश किया जाएगा। इस अभिभाषण में सरकार की आगामी योजनाओं, नीति प्रावधानों और विकास कार्यों का विवरण शामिल होगा। अभिभाषण पर सदन में तीन दिन तक चर्चा होगी, जिसका जवाब सरकार पांचवें दिन देगी।
also read: राजस्थान के एकलव्य मॉडल रेजिडेंशियल स्कूल: संवर रही…
मुख्य मुद्दे और अध्यादेश
कैबिनेट बैठक में कई महत्वपूर्ण कानूनों और अध्यादेशों पर विचार किया जाएगा, जिनमें शामिल हैं:
-
राजस्थान जन विश्वास (संशोधन) अध्यादेश-2025: नियमों के सरलीकरण और सुशासन को बढ़ावा देने के लिए।
-
राजस्थान दुकान एवं वाणिज्यिक प्रतिष्ठान (संशोधन) अध्यादेश: व्यापारिक सुगमता और स्थानीय व्यवसायों को समर्थन देने के लिए।
-
पंचायत एवं नगरपालिका अधिनियम संशोधन: स्थानीय निकायों की शक्तियों और प्रशासनिक कार्यों में सुधार।
राज्यपाल के अभिभाषण और गणतंत्र दिवस
संसदीय कार्य मंत्री जोगाराम पटेल ने बताया कि इस कैबिनेट बैठक में न केवल विधायी कार्यों पर चर्चा होगी, बल्कि राज्यपाल के अभिभाषण और गणतंत्र दिवस पर दिए जाने वाले संदेशों पर भी निर्णय लिया जाएगा। संबंधित विभागों और एजेंसियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए जाएंगे।
यह बैठक बजट सत्र की तैयारी और राज्य में प्रशासनिक सुधारों के कार्यान्वयन के लिए निर्णायक भूमिका निभाएगी। लिए गए निर्णयों का प्रभाव विधानसभा की कार्यवाही के साथ-साथ राज्य के विकास और नीति निर्माण पर भी दिखाई देगा।