हरियाणा AI, स्टार्टअप और डीप टेक्नोलॉजी हब बन रहा है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने 470 करोड़ रुपये की विश्व बैंक सहायता का ऐलान किया। जानें कैसे यह पहल स्टार्टअप, डेटा सेंटर और नवाचार को बढ़ावा देगी।
हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने हाल ही में कहा कि राज्य स्टार्टअप्स, डीप टेक्नोलॉजी और डेटा केंद्रों के लिए एक प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित होने के रास्ते पर है। उन्होंने यह भी बताया कि हरियाणा कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) नवाचार का हब बनकर आर्थिक विकास को गति देगा, और विश्व बैंक 470 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता प्रदान करेगा।
चंडीगढ़ में आयोजित TiE AI समिट 2026 में मुख्यमंत्री सैनी ने कहा कि AI केवल एक तकनीक नहीं, बल्कि विकास का एक नया मंत्र है, जो “वोकल फॉर लोकल” और “मेक इन इंडिया” के दृष्टिकोण को मजबूत करेगा। उन्होंने जोर देकर कहा कि “Glocal AI – Real Impact” विषय वैश्विक सोच को स्थानीय जरूरतों के अनुरूप लागू करने की आवश्यकता को दर्शाता है।
सैनी ने कहा कि यह वित्तीय सहायता स्टार्टअप इकोसिस्टम को सशक्त बनाने, गहन तकनीकी अनुसंधान को बढ़ावा देने और राज्य भर में उन्नत डेटा केंद्र स्थापित करने में सहायक होगी। इसके साथ ही, यह पहल नए रोजगार के अवसर उत्पन्न करेगी और निवेश को आकर्षित करेगी, जिससे हरियाणा डिजिटल और तकनीकी विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
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मुख्यमंत्री ने पंचकुला को “उत्तर भारत की सिलिकॉन वैली” बनाने के प्रयासों का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि अवसंरचना, नवाचार और उद्यमिता पर ध्यान केंद्रित कर यह शहर तकनीकी कंपनियों और स्टार्टअप्स के लिए आकर्षक गंतव्य बनेगा, जिससे स्थानीय युवा प्रतिभाओं को वैश्विक अवसरों से जोड़ने में मदद मिलेगी।
सैनी ने TiE Chandigarh और शिखर सम्मेलन के आयोजकों की सराहना करते हुए कहा कि यह मंच नवप्रवर्तकों, उद्यमियों, नीति निर्माताओं और निवेशकों को एक साथ लाने का सशक्त माध्यम है। उन्होंने विश्वास जताया कि आने वाले वर्षों में हरियाणा AI, स्टार्टअप और डीप टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में अग्रणी राज्यों में से एक बनकर उभरेगा।
पूर्व राज्य मंत्री असीम गोयल, वरिष्ठ आईएएस अधिकारी जे. गणेशन और टीआईई चंडीगढ़ के अध्यक्ष पुनीत वर्मा ने भी शिखर सम्मेलन में अपनी बात रखी और हरियाणा की AI और डीप टेक क्षमता की सराहना की।
इस पहल से न केवल राज्य का विकास तेज होगा, बल्कि भारत वैश्विक प्रौद्योगिकी और नवाचार मानचित्र पर भी मजबूती से स्थापित होगा।