क्या आप जानते हैं कि Dry fruits यानी सूखे मेवे सभी लोगों के लिए लाभकारी नहीं होते? आमतौर पर इन्हें सुपरफूड की श्रेणी में रखा जाता है क्योंकि इनमें प्रोटीन, फाइबर, हेल्दी फैट्स, विटामिन्स और मिनरल्स भरपूर मात्रा में पाए जाते हैं, जो शरीर को ताकत देते हैं और इम्युनिटी को बढ़ाते हैं। लेकिन कुछ स्थितियों में इनका सेवन नुकसानदायक भी हो सकता है।
1. जिन लोगों को Dry fruits से एलर्जी है:
कुछ लोगों को खासकर बादाम, काजू या अखरोट जैसे नट्स से एलर्जिक रिएक्शन हो सकते हैं। इनमें स्किन रैश, खुजली, सूजन, सांस लेने में तकलीफ या गंभीर स्थिति में एनाफिलेक्सिस जैसी जानलेवा प्रतिक्रिया हो सकती है। ऐसे लोगों को इनसे पूरी तरह परहेज करना चाहिए या डॉक्टर से सलाह लेकर ही सेवन करना चाहिए।
2. वजन घटाने की कोशिश कर रहे लोग:
Dry fruits पोषक होते हैं, लेकिन इनमें कैलोरी और फैट की मात्रा भी अधिक होती है। जो लोग वज़न कम कर रहे हैं, उन्हें सीमित मात्रा में ही इनका सेवन करना चाहिए क्योंकि ज़्यादा खाने से वजन बढ़ सकता है, खासकर किशमिश और काजू जैसे ड्राई फ्रूट्स में शुगर और कैलोरी दोनों ज्यादा होती हैं।
3. हाई ब्लड प्रेशर या हृदय रोग से पीड़ित व्यक्ति:
अगर आप नमक लगे हुए Dry fruits खाते हैं, तो यह हाई ब्लड प्रेशर और हृदय संबंधी दिक्कतें बढ़ा सकते हैं। ऐसे लोग बिना नमक वाले (अनसाल्टेड) और भुने हुए ड्राई फ्रूट्स ही सीमित मात्रा में लें।
4. डायबिटीज के मरीज:
खजूर, किशमिश और अंजीर जैसे Dry fruits में प्राकृतिक शुगर काफी होती है। डायबिटीज से पीड़ित लोगों को इन्हें डॉक्टर की निगरानी में और सीमित मात्रा में ही खाना चाहिए, वरना ब्लड शुगर लेवल बढ़ सकता है।
5. पाचन में समस्या होने पर:
कुछ लोगों को Dry fruits खाने के बाद गैस, कब्ज या एसिडिटी की समस्या हो जाती है, खासकर जब वे बिना भिगोए या ज्यादा मात्रा में खाए जाएं। जिन लोगों का पाचन तंत्र संवेदनशील है, उन्हें ड्राई फ्रूट्स कम मात्रा में और भिगोकर ही खाने चाहिए।
Dry fruits पोषक तत्वों का खजाना हैं, लेकिन हर किसी के शरीर को ये सूट नहीं करते। इसलिए अपनी सेहत और जरूरत के अनुसार ही इनका सेवन करना बेहतर होता है।