लुधियाना में केजे फोर्जिंग की नई अल्ट्रा-मॉडर्न ‘टूल रूम’ का उद्घाटन, संजीव अरोरा ने किया उद्घाटन। पंजाब में निवेश और रोजगार के अवसर बढ़ेंगे, 35 करोड़ रुपये का निवेश।
पंजाब सरकार की उद्योग-अनुकूल नीतियों और अनुकूल माहौल के चलते निवेश और रोजगार के अवसर लगातार बढ़ रहे हैं। इसी कड़ी में कैबिनेट मंत्री संजीव अरोरा ने लुधियाना के फोकल पॉइंट में केजे फोर्जिंग की नई अल्ट्रा-मॉडर्न ‘टूल रूम’ इकाई का उद्घाटन किया। इस इकाई की लागत 35 करोड़ रुपये है और यह पंजाब में औद्योगिक विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
इस अवसर पर मंत्री अरोरा ने बताया कि वर्ष 2025 में केजे ग्रुप ने 52 करोड़ रुपये का निवेश किया, जबकि इस वर्ष 12 मेगावाट के सौर ऊर्जा संयंत्र के माध्यम से 66 करोड़ रुपये का और निवेश किया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस निवेश से हजारों बेरोजगार युवाओं को रोजगार के अवसर मिलेंगे और राज्य में औद्योगिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा।
अरोरा ने कहा, “पंजाब सरकार उद्योग को प्रोत्साहित करने और निवेश के अनुकूल वातावरण बनाने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। अन्य राज्यों के उद्योगपति भी यहां निवेश कर रहे हैं, जो राज्य की अर्थव्यवस्था और रोजगार सृजन के लिए लाभकारी है।”
इस अवसर पर राज्य सूचना आयुक्त हरप्रीत सिंह संधू, सीआईसीयू से उपकार सिंह आहूजा, जीएलएडीए के मुख्य प्रशासक संदीप कुमार, केजे ग्रुप के गोपी कोठारी और अमित कोठारी सहित विभिन्न औद्योगिक प्रतिनिधि उपस्थित थे।
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संजीव अरोरा ने यह भी बताया कि इस नई इकाई में अधिकांश मशीनें भारत के बेंगलुरु और गुजरात से आयी हैं, जबकि पहले यह मशीनें विदेशों से आयात की जाती थीं। उन्होंने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि नगर निगम और नगर परिषद से संबंधित समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर हल किया जाएगा। साथ ही, पीएसपीसीएल को निर्देश दिए गए हैं कि निविदा प्रक्रिया वाले सभी उपमंडलों में किसी भी प्रकार के बिजली या तारों से संबंधित समस्या न हो।
अरोरा ने बुद्धा दरिया के पुनरुद्धार परियोजना पर भी अपडेट देते हुए बताया कि नदी में गोबर और डेयरी अपशिष्ट डालने पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया गया है और नदी के किनारे स्थित कारखानों को सख्त निर्देश दिए गए हैं कि बिना उपचारित पानी नदी में न छोड़ा जाए।
केजे ग्रुप ने पंजाब सरकार और मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि राज्य ने औद्योगिक हितैषी नीतियों और काम करने के लिए सबसे शांतिपूर्ण वातावरण प्रदान किया है। इसके अतिरिक्त, समूह ने मुख्यमंत्री राहत कोष में 21 लाख रुपये का योगदान भी दिया।
यह नई टूल रूम इकाई और निवेश पंजाब में औद्योगिक विकास, रोजगार सृजन और सतत ऊर्जा पहल के लिए एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।