स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव डॉ. सुमिता मिश्रा ने सरकारी अस्पतालों में अनुशासन, जवाबदेही और 24 घंटे स्वास्थ्य सेवाएं सुनिश्चित करने के सख्त निर्देश जारी किए।
राज्य के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग ने सरकारी अस्पतालों की कार्यप्रणाली को बेहतर बनाने के लिए सख्त कदम उठाए हैं। विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव डॉ. सुमिता मिश्रा ने स्पष्ट निर्देश जारी करते हुए अस्पतालों में अनुशासन, जवाबदेही और निर्बाध स्वास्थ्य सेवाएं सुनिश्चित करने पर जोर दिया है।
लापरवाही पर नहीं होगी कोई रियायत
डॉ. सुमिता मिश्रा ने अपने निर्देशों में साफ कहा है कि अस्पतालों में किसी भी प्रकार की लापरवाही, कमजोर प्रबंधन या आधारभूत सुविधाओं की अनदेखी अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी दी है कि मरीजों को बेहतर सेवाएं देना सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए।
24 घंटे स्वास्थ्य सेवाएं सुनिश्चित करने पर जोर
सरकारी अस्पतालों में 24 घंटे स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए सख्त निगरानी व्यवस्था लागू करने के निर्देश दिए गए हैं। इसके तहत आपातकालीन सेवाओं, डॉक्टरों की उपस्थिति और आवश्यक सुविधाओं की नियमित समीक्षा की जाएगी।
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव डॉ. @sumitamisra ने राज्य के सरकारी अस्पतालों में अनुशासन, जवाबदेही और 24 घंटे स्वास्थ्य सेवाएं सुनिश्चित करने के उद्देश्य से व्यापक निर्देश जारी किए।
डॉ. मिश्रा ने स्पष्ट किया कि लापरवाही, खराब आधारभूत सुविधाओं के रखरखाव… pic.twitter.com/5p1B9WcfRR
— DPR Haryana (@DiprHaryana) May 21, 2026
औचक निरीक्षण और कड़ी कार्रवाई के निर्देश
डॉ. सुमिता मिश्रा ने यह भी कहा कि जहां भी अस्पतालों में मानकों की कमी पाई जाएगी, वहां औचक निरीक्षण किए जाएंगे। इसके साथ ही दोषी पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ सख्त दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
स्वास्थ्य व्यवस्था में सुधार की दिशा में कदम
इन निर्देशों को राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। इसका उद्देश्य सरकारी अस्पतालों में पारदर्शिता बढ़ाना, जवाबदेही तय करना और मरीजों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना है।