मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को गोला तहसील क्षेत्र के मदरिया सिद्धपीठ में दिवंगत महंत रामदास और महंत पंचानन पुरी को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने महंत रामदास को नमन करते हुए कहा कि महंत जी का योगदान सनातन धर्म और वैदिक परंपरा को बढ़ाने में हमेशा याद किया जाएगा। उन्होंने हमेशा लोगों को सनातन मूल्यों और भारत के प्रति आस्थावान बनने के लिए प्रेरित किया।
महंत रामदास को श्रद्धांजलि
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, जो गोरखपुर दौरे पर थे, ने मदरिया सिद्धपीठ पहुंचकर दिवंगत महंत रामदास के चित्र पर श्रद्धा के पुष्प अर्पित किए। इस अवसर पर आयोजित श्रद्धांजलि सभा में मुख्यमंत्री ने कहा कि महंत रामदास का जीवन सनातन परंपरा की सेवा में समर्पित रहा। उनका गोरक्षपीठ से गहरा संबंध था और वह पिछले पांच दशकों से इस संस्था के साथ जुड़े हुए थे। सीएम योगी ने कहा कि कुछ वर्षों पहले मदरिया सिद्धपीठ में आने पर उन्हें महंत रामदास का भौतिक सानिध्य प्राप्त हुआ था।
also read: महाराणा प्रताप शिक्षा परिषद का 93वां संस्थापक सप्ताह:…
महंत के पदचिन्हों पर चलने का आह्वान
मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि महंत रामदास का योगदान वैदिक परंपरा को आगे बढ़ाने में अतुलनीय था। उन्होंने लोगों को हमेशा सनातन धर्म और भारत के प्रति आस्थावान बनने के लिए प्रेरित किया। सीएम योगी ने यह भी उम्मीद जताई कि मदरिया सिद्धपीठ के वर्तमान महंत श्रीशदास अपने पूज्य गुरुदेव के पदचिन्हों पर चलते हुए उनके आदर्शों और मूल्यों के अनुरूप सनातन की सेवा करते रहेंगे।
महंत पंचानन पुरी को श्रद्धांजलि
मदरिया सिद्धपीठ में श्रद्धांजलि अर्पित करने के बाद, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ उरूवा क्षेत्र के चचाईराम मठ पहुंचे और वहां दिवंगत महंत पंचानन पुरी को श्रद्धांजलि दी। महंत पंचानन पुरी का निधन 16 नवंबर को हुआ था और उनका गोरक्षपीठ से गहरा जुड़ाव था। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने महंत पंचानन पुरी के चित्र पर पुष्प अर्पित किए और उनकी आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की।
चचाईराम मठ में सीएम योगी की मुलाकात
चचाईराम मठ में सीएम योगी ने नवनियुक्त युवा महंत प्रणव पुरी से भी मुलाकात की और उन्हें स्नेहाशीष दिया। उन्होंने मठ संचालन में उन्हें पूरा सहयोग देने का भरोसा दिलाया। इस मौके पर सीएम योगी ने मठ से जुड़े श्रद्धालुओं और स्थानीय जनता से भी मुलाकात की और उनका कुशलक्षेम पूछा।