Sunday, April 19, 2026

बागपत में हाईटेक एस्ट्रोनॉमी लैब: यूपी की बेटियों को अंतरिक्ष विज्ञान में उड़ान

by Versha
बागपत में हाईटेक एस्ट्रोनॉमी लैब: यूपी की बेटियों को अंतरिक्ष विज्ञान में उड़ान

बागपत के सरकारी स्कूलों में हाईटेक एस्ट्रोनॉमी लैब से यूपी की बेटियां अंतरिक्ष विज्ञान सीख रही हैं, टेलिस्कोप और 45 प्रयोगों से आत्मविश्वास बढ़ रहा है।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की पहल पर उत्तर प्रदेश के सरकारी स्कूलों में बालिकाओं की शिक्षा और वैज्ञानिक दृष्टिकोण को बढ़ावा देने के लिए एक हाईटेक एस्ट्रोनॉमी लैब स्थापित की गई है। छपरौली ब्लॉक में बनी इस प्रयोगशाला में छात्राएं अंतरिक्ष विज्ञान की बारीकियां सीख रही हैं और टेलिस्कोप के माध्यम से ग्रहों और चंद्रमा का अवलोकन कर रही हैं।

हाईटेक लैब: 45 प्रयोगों के साथ अंतरिक्ष का अभ्यास

छपरौली ब्लॉक संसाधन केंद्र (BRC) के परिसर में स्थापित यह लैब आधुनिक उपकरणों और 45 विभिन्न प्रयोगों से लैस है। लगभग 100 छात्राएं एक साथ इस लैब में अंतरिक्ष से जुड़े जटिल सिद्धांतों को व्यावहारिक रूप से समझ रही हैं। टेलिस्कोप संचालित करना और नाइट-स्काई ऑब्जर्वेशन जैसी गतिविधियों में बेटियां सक्रिय भाग ले रही हैं।

डिजिटल लर्निंग और वैज्ञानिक दृष्टिकोण

जिलाधिकारी अस्मिता लाल के अनुसार, लैब में छात्राओं को एस्ट्रोनॉमी सॉफ्टवेयर का प्रशिक्षण भी दिया जा रहा है। इसके माध्यम से वे आकाशीय पिंडों की स्थिति, गति और संरचना को सटीक रूप से समझ पा रही हैं। यह डिजिटल शिक्षा न केवल उनके ज्ञान में इजाफा कर रही है बल्कि उनके भीतर वैज्ञानिक सोच विकसित कर रही है।

also read: पॉलिसी पैरालिसिस का अंत! मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बोले-…

टेलिस्कोप से चंद्रमा और ग्रहों का अवलोकन

छात्राएं टेलिस्कोप से सीधे चंद्रमा और अन्य ग्रहों का अवलोकन कर रही हैं, जिससे उनका आत्मविश्वास और जिज्ञासा बढ़ रही है। कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय की छात्राएं नियमित रूप से इस लैब में प्रशिक्षण ले रही हैं। शिक्षकों का कहना है कि नाइट-स्काई ऑब्जर्वेशन जैसी गतिविधियों ने छात्राओं की रुचि विज्ञान और अंतरिक्ष के प्रति और बढ़ा दी है।

AI स्मार्ट क्लासेस की शुरुआत

जिलाधिकारी ने यह भी बताया कि जिले के 25 सरकारी स्कूलों में AI संचालित स्मार्ट क्लासेस शुरू की गई हैं। इन इंटरैक्टिव क्लासेस के माध्यम से छात्राओं को तकनीक आधारित आधुनिक शिक्षा मिल रही है। योगी सरकार की यह पहल सरकारी स्कूलों में शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने और बच्चों को भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार करने का उत्कृष्ट उदाहरण है।

You may also like

कंगना रनौत ने चिराग पासवान संग रिश्ते पर तोड़ी चुप्पी, कहा– ‘होता तो बच्चे होते! इंटरफेथ शादी पर बवाल: ट्रोलिंग से टूटी कनिका, वीडियो में छलका दर्द ,बोलीं—“असली सनातनी बनो” 44 की उम्र में दुल्हन बनेंगी अनुषा दांडेकर?, ‘Save the Date’ ने मचाया तहलका 40 की उम्र में सिंगल, प्यार में मिला धोखा, नहीं बनना चाहतीं मां, शक्ति मोहन का चौंकाने वाला फैसला सुरों की मलिका Asha Bhosle का निधन, 92 की उम्र में दुनिया को कहा अलविदा