मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में, पंजाब सरकार ने अपने राज्यव्यापी “जीवन ज्योति” अभियान के माध्यम से बाल भिखारियों को बचाने और उन्हें शिक्षा, आश्रय और सुरक्षित भविष्य तक पहुंच के माध्यम से गरिमापूर्ण जीवन में लौटने में मदद करने के लिए प्रयास तेज कर दिए हैं। इस बात की जानकारी सामाजिक सुरक्षा, महिला एवं बाल विकास मंत्री Dr. Baljit Kaur ने दी।
Dr. Baljit Kaur ने बताया कि 16 जिलों में जिला बाल संरक्षण इकाइयों (डी. सी. पी. यू.) द्वारा 16 विशेष अभियान चलाए गए, जिसके परिणामस्वरूप भीख मांगने में शामिल चार बच्चों को बचाया गया। जिन जिलों में ये ऑपरेशन हुए उनमें बरनाला, बठिंडा, फतेहगढ़ साहिब, गुरदासपुर, फाजिल्का, होशियारपुर, मालेरकोटला, मोगा, पटियाला, रूपनगर, एसएएस नगर, एसबीएस नगर, श्री मुक्तसर साहिब और तरन तारन शामिल हैं।
बचाए गए चार बच्चों में से दो फाजिल्का के और दो पटियाला के थे। फाजिल्का के बच्चों को उचित दस्तावेज और परामर्श के बाद उनके परिवारों को वापस कर दिया गया, जबकि शेष दो की पहचान और सत्यापन प्रक्रिया अभी भी जारी है।
Dr. Baljit Kaur ने आगे कहा कि अभियान के पहले 10 दिनों के भीतर, राज्य भर में कुल 192 बच्चों को बचाया गया है। उन्होंने नाबालिगों को भीख मांगने के लिए मजबूर करने वालों के लिए भी कड़ी चेतावनी जारी की, जिसमें माता-पिता या अभिभावक शामिल हैं, उन्होंने कहा कि जो कोई भी बच्चों का शोषण करता है या सुरक्षा, शिक्षा और विकास के उनके अधिकार का उल्लंघन करता है, उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।