दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने मजदूरों के बच्चों को शिक्षा सहायता दी और 37 गांवों में 134 करोड़ की 59 विकास परियोजनाओं का शिलान्यास किया। मजदूर कल्याण और न्यूनतम वेतन को भी बढ़ावा।
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने मजदूरों और ग्रामीण विकास के लिए कई महत्वपूर्ण पहलों की शुरुआत की। त्यागराज स्टेडियम में आयोजित जनसमारोह में उन्होंने 37 गांवों में 59 नई विकास परियोजनाओं की आधारशिला रखी, जिनकी कुल लागत लगभग 134 करोड़ रुपये है। इस मौके पर मुख्यमंत्री ने पंजीकृत निर्माण मजदूरों के 15,706 बच्चों को शिक्षा सहायता राशि 12.40 करोड़ रुपये सीधे उनके बैंक खातों में हस्तांतरित की।
दिल्ली का विकास मजदूरों की मेहनत पर आधारित
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कार्यक्रम में कहा कि दिल्ली का वास्तविक विकास मजदूरों की मेहनत से ही संभव है। उन्होंने जोर देकर कहा कि सिर्फ इमारतें और सड़कें नहीं, बल्कि मजदूरों की मेहनत ने राजधानी का निर्माण किया है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने मजदूरों की सुरक्षा, सम्मान और भविष्य सुनिश्चित करना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता बताया।
उन्होंने यह भी कहा कि पिछली सरकारों के दौरान मजदूर कल्याण फंड का उचित उपयोग नहीं हुआ। वर्तमान सरकार मजदूरों के हक और उनके बच्चों के उज्जवल भविष्य के लिए प्रतिबद्ध है।
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मजदूर बच्चों के लिए शिक्षा सहायता
दिल्ली भवन एवं अन्य निर्माण मजदूर कल्याण बोर्ड के अंतर्गत पंजीकृत मजदूरों के बच्चों को शिक्षा सहायता प्रदान की जाती है ताकि आर्थिक कठिनाइयों के कारण उनकी पढ़ाई प्रभावित न हो।
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कक्षा 1 से 8 तक: ₹500 प्रति माह
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कक्षा 9 और 10: ₹700 प्रति माह
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कक्षा 11 और 12: ₹1,000 प्रति माह
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स्नातक छात्र: ₹3,000 प्रति माह
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तकनीकी और व्यावसायिक पाठ्यक्रम (ITI, पॉलिटेक्निक, इंजीनियरिंग, मेडिकल, MBA): ₹10,000 तक प्रति माह
मजदूर कल्याण और न्यूनतम वेतन
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बताया कि दिल्ली में देश की उच्चतम न्यूनतम वेतन संरचनाओं में से एक लागू है।
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अकुशल मजदूर: ₹18,456 प्रति माह
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अर्धकुशल मजदूर: ₹20,371 प्रति माह
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कुशल मजदूर: ₹22,411 प्रति माह
मजदूरों के अधिकारों की सुरक्षा के लिए 44 से अधिक श्रम कानून लागू किए गए हैं। साथ ही 155,214 हेल्पलाइन शुरू की गई और 36 लाख से अधिक असंगठित मजदूरों का ई-श्रम पोर्टल पर पंजीकरण किया गया। 72 विशेष अभियानों के माध्यम से 1,028 बाल मजदूरों को मुक्त भी कराया गया है।
सीएम रेखा गुप्ता ने इस अवसर पर मजदूरों और ग्रामीण क्षेत्रों के समग्र विकास को सर्वोच्च प्राथमिकता देने का संकल्प दोहराया।