कर्नाटक के बीदर स्थित श्री चन्नाबसवाश्रम में आयोजित डॉ. बसवलिंग पट्टादेवरु महास्वामीजी की 75वीं जयंती के अवसर पर हुए अमृत महोत्सव समारोह में उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार सीपी राधाकृष्णन ने राजनीतिक बयान दिया। इस कार्यक्रम में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, थावरचंद गहलोत और मंत्री ईश्वर खंड्रे भी मौजूद थे।
खरगे की टिप्पणी पर परोक्ष प्रतिक्रिया
अपने संबोधन में सीपी राधाकृष्णन ने कहा कि वे मल्लिकार्जुन खड़गे से केवल दृष्टिकोण के आधार पर असहमत हैं। उन्होंने परोक्ष रूप से टिप्पणी करते हुए कहा कि कुछ लोग आतंकवाद और उससे लड़ने वालों के बीच अंतर को ठीक से समझ नहीं पाते। उन्होंने यह भी कहा कि व्यक्तिगत स्तर पर उनके खड़गे से अच्छे संबंध हैं और वे उन्हें अपना मित्र मानते हैं।
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राजनीतिक बयानबाजी पर बढ़ी चर्चा
यह बयान ऐसे समय आया है जब एक दिन पहले ही मल्लिकार्जुन खड़गे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर सरकारी एजेंसियों के दुरुपयोग और विपक्षी दलों को दबाने के आरोप लगाए थे। चेन्नई में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान खड़गे की टिप्पणी को लेकर राजनीतिक विवाद भी खड़ा हो गया था।
राजनीतिक माहौल में हलचल
इस पूरे घटनाक्रम के बाद राजनीतिक हलकों में बयानबाजी तेज हो गई है और दोनों पक्षों के बीच मतभेदों को लेकर चर्चा बढ़ गई है।