CM Yogi ने लखनऊ में आयोजित कार्यक्रम में भाग लेते हुए तथागत बुद्ध और बाबा साहब की प्रतिमा पर माल्यार्पण और पुष्पांजलि अर्पित की। इस अवसर पर उन्होंने महासभा की एक पत्रिका का विमोचन भी किया।
CM Yogi ने डॉ. अंबेडकर के प्रेरणास्पद विचारों का उल्लेख करते हुए कहा कि बाबा साहब ने शिक्षा को सबसे बड़ी ताकत बताया था। उनका जीवन संघर्षों से भरा रहा, लेकिन उन्होंने देश के वंचितों और शोषितों को न्याय दिलाने के लिए हमेशा आवाज उठाई।
उन्होंने याद दिलाया कि डॉ. अंबेडकर न सिर्फ आज़ादी की लड़ाई में शामिल हुए, बल्कि स्वतंत्र भारत के पहले कानून मंत्री बने और संविधान निर्माण में निर्णायक भूमिका निभाई। भारत का संविधान आज भी देश की एकता और लोकतंत्र की नींव है।
CM Yogi ने बताया कि अटल बिहारी वाजपेयी जी ने बाबा साहब के सपनों को साकार करने की दिशा में शुरुआत की थी, जिसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नई ऊर्जा दी। मोदी सरकार ने कोरोना काल में 80 करोड़ लोगों को मुफ्त राशन, 50 करोड़ को आयुष्मान कार्ड, करोड़ों को उज्ज्वला योजना, शौचालय, आवास और जनधन खाता जैसी सुविधाएं दीं।
प्रदेश में भी गरीबों को मकान की जमीन का अधिकार, घरौनी के वितरण और जनजातीय समुदायों तक सरकारी योजनाएं पहुंचाने के लिए बड़े कदम उठाए गए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि जल्द ही प्रदेश के हर गांव में छूटे हुए गरीब परिवारों को सभी बुनियादी सुविधाएं दी जाएंगी, और यह काम बाबा साहब की जयंती को समर्पित रहेगा।
उन्होंने बताया कि “मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान” के तहत हज़ारों युवाओं को बिना गारंटी और ब्याज के ऋण दिया गया है, और हर साल एक लाख युवाओं को इसका लाभ दिया जाएगा।
CM Yogi ने यह भी सुनिश्चित किया कि ग्राम पंचायतों के सामुदायिक शौचालयों से जुड़ी समितियों को हर महीने मानदेय मिलना तय किया जाएगा।
अंत में, उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने बाबा साहब के बताए मार्ग पर चलते हुए दलितों और वंचितों को सम्मान दिलाया है, और पंचतीर्थों का विकास कराया है। साथ ही, देश की एकता और अखंडता को कमजोर करने वाले किसी भी कार्य से बचने की सलाह दी।
कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक, राज्य मंत्री असीम अरुण, सांसद ब्रज लाल सहित कई गणमान्य व्यक्ति मौजूद थे।