मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने बावल में ₹121 करोड़ परियोजनाओं का उद्घाटन किया और हरियाणा एफपीओ मिशन-2026 लॉन्च कर किसान हित योजनाओं पर जोर दिया।
राष्ट्रव्यापी “खेत बचाओ अभियान” का समापन समारोह आज हरियाणा के बावल, जिला रेवाड़ी में भव्य रूप से संपन्न हुआ। इस अवसर पर हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कार्यक्रम में शिरकत की और कृषि क्षेत्र को मजबूत करने के राज्य सरकार के प्रयासों को दोहराया।
मुख्यमंत्री ने इस मौके पर केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान के मार्गदर्शन के लिए आभार व्यक्त किया, जो इस कार्यक्रम में विशेष रूप से उपस्थित रहे।
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कृषि सुधार और किसान आय बढ़ाने पर सरकार का फोकस
सीएम सैनी ने कहा कि हरियाणा सरकार किसानों की आय बढ़ाने और कृषि को अधिक लाभकारी बनाने के लिए लगातार काम कर रही है। उन्होंने बताया कि राज्य में धान की सीधी बुआई (DSR) को प्रोत्साहन, “हर खेत–स्वस्थ खेत” योजना, जल संरक्षण अभियान, मृदा स्वास्थ्य सुधार कार्यक्रम और फसल विविधीकरण जैसी योजनाएं लागू की जा रही हैं, जिससे कृषि क्षेत्र को स्थायी मजबूती मिल सके।
राष्ट्रव्यापी ‘खेत बचाओ अभियान’ का समापन समारोह आज हरियाणा के बावल (रेवाड़ी) में संपन्न हुआ। इस अवसर पर माननीय केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री श्री @ChouhanShivraj जी का मार्गदर्शन प्राप्त हुआ।
हरियाणा सरकार कृषि को अधिक लाभकारी बनाने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। धान की… pic.twitter.com/UpXunXRv0l
— Nayab Saini (@NayabSainiBJP) June 30, 2026
हरियाणा एफपीओ मिशन-2026 का शुभारंभ
कार्यक्रम का सबसे बड़ा आकर्षण हरियाणा एफपीओ मिशन-2026 का शुभारंभ रहा। इस मिशन का उद्देश्य किसान उत्पादक संगठनों (FPOs) को सशक्त बनाना है, ताकि छोटे किसानों को आधुनिक तकनीक, बेहतर बाजार और आय के अधिक अवसर उपलब्ध हो सकें।
₹121 करोड़ की विकास परियोजनाओं का उद्घाटन एवं शिलान्यास
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने बावल क्षेत्र के विकास को गति देते हुए लगभग ₹121 करोड़ की विकास परियोजनाओं का उद्घाटन एवं शिलान्यास भी किया। इन परियोजनाओं से रेवाड़ी और आसपास के क्षेत्रों में बुनियादी ढांचे को नई मजबूती मिलने की उम्मीद है।
राज्य सरकार ने एक बार फिर स्पष्ट किया कि उसका फोकस जल संरक्षण, जलवायु-स्मार्ट कृषि, मृदा स्वास्थ्य और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने पर केंद्रित है, ताकि किसानों को दीर्घकालिक लाभ मिल सके।