मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरखनाथ मंदिर में जनता दर्शन के दौरान लोगों की समस्याएं सुनीं, भूमि कब्जे पर कड़ी कार्रवाई और इलाज के लिए वित्तीय सहायता का आश्वासन दिया।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हाल ही में गोरखनाथ मंदिर परिसर के महंत दिग्विजयनाथ स्मृति भवन में आयोजित जनता दर्शन कार्यक्रम के दौरान लगभग 150 लोगों की समस्याओं को सुना। कड़ाके की सर्दी के बावजूद मुख्यमंत्री ने जनसेवा का कार्य जारी रखा और लोगों से मिलकर उनकी समस्याएं सुनीं।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जनता के हित को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए आश्वासन दिया कि उनकी सरकार सभी की मदद करेगी। उन्होंने नागरिकों से कहा, “घबराइए मत, हर समस्या का समाधान कराएंगे, सरकार सबकी मदद करेगी।”
जनता दर्शन में मुख्यमंत्री ने उपस्थित अधिकारियों को निर्देश दिया कि प्रत्येक पीड़ित व्यक्ति की समस्या का संवेदनशीलता से समाधान किया जाए और यह समाधान त्वरित, पारदर्शी और संतोषजनक हो।
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इस दौरान कुछ लोगों ने जमीन कब्जाने की शिकायत की, जिस पर मुख्यमंत्री ने कठोर कानूनी कार्रवाई के आदेश दिए। उन्होंने कहा, “अगर कोई दबंग या माफिया किसी की जमीन को जबरन कब्जा कर रहा हो तो उसके खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए।” साथ ही उन्होंने कहा, “गरीबों को उजाड़ने वाले कतई न बख्शे जाएंगे।” इसके अलावा, जहां पैमाइश की जरूरत हो, वहां पैमाइश कराकर विवादों का हल निकाला जाएगा।
पारिवारिक विवाद से संबंधित मामलों में भी मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि दोनों पक्षों से बातचीत कर समाधान निकाला जाए।
कुछ लोग इलाज में आर्थिक मदद के लिए भी पहुंचे थे, जिनसे मुख्यमंत्री ने कहा, “इलाज में धन की कमी कभी भी रुकावट नहीं बनेगी।” उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि अस्पताल के इस्टीमेट की प्रक्रिया को शीघ्र पूरा कर शासन में भेजें। इसके अलावा, उन्होंने यह भी कहा कि मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष से उचित राशि इलाज के लिए दी जाएगी।
जनता दर्शन के इस कार्यक्रम ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की जनता के प्रति वचनबद्धता और उनके सामाजिक न्याय के प्रति समर्पण को फिर से साबित किया है।