सहकारिता, जेल और पर्यटन मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा ने नारनौल में सरकारी धन हेराफेरी पर कड़ा रुख अपनाया, कुतबापुर के सरपंच को निलंबित किया और अधिकारियों को लंबित फाइलों का तुरंत निपटान करने के निर्देश दिए।
सहकारिता, जेल एवं पर्यटन मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा ने नारनौल में आयोजित जन परिवेदना समिति की मासिक बैठक के दौरान सरकारी धन की हेराफेरी के मामलों पर कड़ा रुख अपनाया।
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बैठक में सामने आए मामलों की गंभीरता को देखते हुए मंत्री ने कुतबापुर के सरपंच को निलंबित करने का आदेश दिया। इसके साथ ही उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि लंबित फाइलों और शिकायतों का तुरंत निपटान किया जाए, ताकि आम जनता को बार-बार सरकारी कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें।
सहकारिता, जेल एवं पर्यटन मंत्री @drarvindksharma ने नारनौल में आयोजित जन परिवेदना समिति की मासिक बैठक के दौरान सरकारी धन की हेराफेरी का मामला सामने आने पर कड़ा रुख अपनाया।
उन्होंने इस मामले में कुतबापुर के सरपंच को निलंबित करने के आदेश दिए।
सहकारिता मंत्री ने अधिकारियों को…
— DPR Haryana (@DiprHaryana) April 1, 2026
मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा ने कहा कि सरकारी धन का उपयोग पूरी तरह पारदर्शिता के साथ होना चाहिए और किसी भी प्रकार की अनियमितता को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उनका यह कदम प्रशासनिक जवाबदेही और जनता की सुविधा सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया है।
सहकारिता मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा के इस निर्णय से नारनौल में प्रशासनिक पारदर्शिता और भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने की दिशा में महत्वपूर्ण संदेश गया है।