CM Yogi Adityanath ने आज बरेली में एक उच्चस्तरीय बैठक आयोजित कर बरेली मंडल के विकास कार्यों और कानून-व्यवस्था की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी विकास परियोजनाएं समय पर और उच्च गुणवत्ता के साथ पूरी हों। इसके लिए नोडल अधिकारी नियुक्त किए जाएं, जो नियमित निरीक्षण कर यह सुनिश्चित करें कि कार्य निर्धारित समय-सीमा में और गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूरा हो।
CM Yogi Adityanath ने कहा कि एक वर्ष से अधिक समय से लंबित राजस्व विवाद कानून-व्यवस्था के लिए चुनौती बनते हैं और अनावश्यक विवादों को जन्म देते हैं। इसलिए इनका शीघ्र निस्तारण कर जनता को न्याय दिलाया जाए। उन्होंने स्मार्ट सिटी मिशन के तहत ऐसे कार्यों को प्राथमिकता देने को कहा, जो प्रदेश के लिए मॉडल बन सकें। बरेली में सरकारी भूमि का रिकॉर्ड तैयार कर विकास प्राधिकरण को सौंपने और मंडल व जिले के सभी कार्यालयों को एक परिसर में स्थापित करने के निर्देश दिए। वकीलों के लिए व्यवस्थित चैंबर तथा अन्य सुविधाएं भी उपलब्ध कराने को कहा।
नाथ नगरी में चल रहे निर्माण कार्यों की समीक्षा करते हुए CM Yogi Adityanath ने इन्हें समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूरा करने पर जोर दिया। उन्होंने मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान के तहत युवाओं को तेजी से ऋण उपलब्ध कराने और जल जीवन मिशन के तहत स्वच्छ पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। कार्य के दौरान सड़कों की खुदाई होने पर उन्हें शीघ्र ठीक कराने और संबंधित ठेकेदार की जवाबदेही तय करने पर बल दिया।
CM Yogi Adityanath ने गेहूं खरीद प्रक्रिया को प्रभावी बनाने के लिए विकासखंड स्तर पर किसानों से समन्वय स्थापित करने को कहा। उन्होंने मंडियों में किसानों के लिए बैठने की व्यवस्था, स्वच्छ पेयजल और सस्ती कैंटीन जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। ग्राम सचिवालयों की प्रभावशीलता पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि जहां अच्छा कार्य होगा, वहां ग्राम उत्सव भवन भी बनाए जाएंगे ताकि स्थानीय लोग विवाह जैसे कार्यक्रम आयोजित कर सकें।
कानून-व्यवस्था के संबंध में CM Yogi Adityanath ने ‘ऑपरेशन त्रिनेत्र’ के तहत बरेली जोन में स्थापित डेढ़ लाख से अधिक कैमरों को सक्रिय रखने और इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर को प्रभावी ढंग से संचालित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सीसीटीवी कैमरे अपराध रोकथाम में अहम भूमिका निभाते हैं, इसलिए इस दिशा में विशेष ध्यान दिया जाए। साथ ही, ट्रैफिक प्रबंधन को बेहतर बनाने के लिए इंटेलिजेंट ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम को प्रभावी रूप से लागू करने को कहा। ई-रिक्शा और टैक्सी आदि के वेरिफिकेशन की व्यवस्था करने और भीड़भाड़ वाले इलाकों में फुट पेट्रोलिंग बढ़ाने के भी निर्देश दिए।
उन्होंने अवैध धर्मांतरण की घटनाओं को रोकने, सोशल मीडिया के सकारात्मक उपयोग को बढ़ावा देने और सभी पुलिस थानों व तहसीलों में शिकायत पेटिका लगाने की बात कही। मुख्यमंत्री ने सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल की स्थापना का प्रस्ताव तैयार कर शासन को भेजने का निर्देश दिया।
टीबी उन्मूलन अभियान पर जोर देते हुए उन्होंने जनप्रतिनिधियों से आग्रह किया कि वे टीबी मरीजों को गोद लें, उनकी नियमित जांच सुनिश्चित करें और पोषण पोटली की उपलब्धता पर ध्यान दें। बैठक में जनप्रतिनिधियों ने विभिन्न विकास योजनाओं पर अपने सुझाव और मांगें रखीं।
इस अवसर पर मंडलायुक्त ने CM Yogi Adityanath को अवगत कराया कि पीलीभीत टाइगर रिजर्व में 25 किलोमीटर की फेंसिंग का कार्य पूरा हो चुका है और 2022-24 के दौरान मंडल के 12 आकांक्षात्मक विकास खंडों को भारत सरकार एवं राज्य सरकार द्वारा पुरस्कृत किया गया है। बरेली में 18 खगोलीय विज्ञानशालाएं स्थापित की गई हैं, और शाहजहांपुर में ‘गर्ल्स कैन डू’ कार्यक्रम संचालित किया जा रहा है। संचारी रोग नियंत्रण अभियान के अंतर्गत बरेली व पीलीभीत में सराहनीय कार्य किया गया है।
बैठक में पशुधन एवं दुग्ध विकास मंत्री धर्मपाल सिंह, वन एवं पर्यावरण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) अरुण कुमार सक्सेना, सहकारिता मंत्री जे.पी.एस. राठौर, बेसिक शिक्षा राज्यमंत्री संदीप सिंह सहित अन्य जनप्रतिनिधि और वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे।