पालम अग्निकांड 2026 में 9 लोगों की मौत, सरकारी जांच और दमकल विभाग की चूक पर उठते सवाल। जानिए कैसे मंत्री और मुख्यमंत्री खुद रिपोर्ट पेश कर रहे हैं।
18 मार्च को दिल्ली के पालम इलाके में हुए भीषण अग्निकांड ने शहर को हिला दिया। इस घटना में 9 लोगों की जान चली गई, और उनके परिवार आज भी गहरे दुख और सदमे में हैं।
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सरकारी जांच पर सवाल
सरकार ने घटना के तुरंत बाद SDM को जांच सौंपने की घोषणा की, लेकिन अब तक कोई ठोस जानकारी सामने नहीं आई। हालांकि, मुख्यमंत्री और मंत्री आशीष सूद स्वयं जांच अधिकारी बनते हुए अपनी रिपोर्टें सार्वजनिक करने लगे हैं। यह वही पैटर्न है जो पहले जनकपुरी में गड्ढे में गिरकर युवक की मृत्यु के मामले में देखा गया था।
पालम में 18 मार्च को भीषण अग्निकांड हुआ और इसमें 9 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई। सरकार ने कहा कि इस अग्निकांड की जांच के लिए SDM की जांच शुरू हो गई है लेकिन अभी तक कुछ सामने नहीं आया है।
लेकिन इस मामले में मुख्यमंत्री जी और मंत्री आशीष सूद जांच अधिकारी बन गए और अपनी जांच… pic.twitter.com/cQ3tRMBAY7
— Aam Aadmi Party Delhi (@AAPDelhi) March 26, 2026
दमकल और बचाव में चूक
पालम अग्निकांड में सबसे अधिक आलोचना दमकल विभाग और बचाव दल पर लग रही है। 9 लोगों को समय रहते बचाया नहीं जा सका। इसके बावजूद, मंत्री ने मृतकों के परिवार को ही दोषी ठहराने की कोशिश की, जिससे जनता में आक्रोश बढ़ गया।
सवाल जो उठते हैं
- क्या SDM की जांच निष्पक्ष और पारदर्शी हो रही है?
- क्या सरकार और मंत्री सही जवाबदेही दे रहे हैं?
- क्या बचाव में हुई चूक को स्वीकार किया जाएगा?
जनता को सच्चाई और निष्पक्ष रिपोर्ट की आवश्यकता है, न कि राजनीतिक बयानबाज़ियों की।