Saturday, April 18, 2026

हरजोत सिंह बैंस ने मिशन समर्थ 4.0 का उद्घाटन किया, सरकारी स्कूलों में सुधार का बड़ा कदम

by Neha
हरजोत सिंह बैंस ने मिशन समर्थ 4.0 का उद्घाटन किया, सरकारी स्कूलों में सुधार का बड़ा कदम

पंजाब में मान सरकार ने मिशन समर्थ 4.0 लॉन्च किया। छोटे वर्गों में बेहतर शिक्षा, बस, सुरक्षा और 100% साक्षरता लक्ष्य।

पंजाब में सरकारी शिक्षा सुधार को गति देने के लिए कैबिनेट मंत्री हरजोत सिंह बैंस ने मिशन समर्थ 4.0 का उद्घाटन किया। यह पहल मान सरकार की प्रमुख प्राथमिकताओं में शामिल है, जिसका उद्देश्य राज्य के सरकारी स्कूलों में आधारभूत शिक्षा और बुनियादी ढांचे को सशक्त बनाना है। मंत्री बैन्स ने कहा कि आम आदमी पार्टी पहली ऐसी पार्टी है जिसने सरकारी स्कूलों को अपने एजेंडे में शामिल किया है और लगातार अनुदान देकर उनकी स्थिति में सुधार किया है।

प्रमुख लक्ष्य और उपलब्धियां

मिशन समर्थ 4.0 का मुख्य लक्ष्य बच्चों को छोटे वर्गों में बेहतर आधारभूत शिक्षा प्रदान करना है। मंत्री बैन्स ने साझा किया कि पंजाब राष्ट्रीय औसत की तुलना में कक्षा-3 के छात्रों में 18% और कक्षा-6 के छात्रों में 26-28% आगे है। इस पहल के माध्यम से लगभग 100% साक्षरता और गणितीय क्षमता सुनिश्चित करने का लक्ष्य रखा गया है।

बुनियादी ढांचा और सुविधाएं

इस पहल के तहत कई महत्वपूर्ण सुधार किए गए हैं। प्रत्येक सीनियर सेकेंडरी स्कूल में कैंपस मैनेजर नियुक्त किया जाएगा। राज्य के 150 से अधिक सरकारी स्कूलों में बस सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। 500 से अधिक छात्रों वाले स्कूलों में सुरक्षा गार्ड तैनात किए जाएंगे। इसके अलावा, कार्यक्रम में सुधार जनभागीदारी और सुझावों के माध्यम से संभव हुए हैं।

उत्कृष्टता और उपलब्धियां

मंत्री हरजोत सिंह बैंस ने कहा कि NEET और JEE परीक्षाओं में छात्रों की सफलता मिशन समर्थ की प्रभावशीलता का प्रमाण है। मिशन समर्थ के लक्ष्यों को सफलतापूर्वक लागू करने वाले स्कूलों को पुरस्कार और सम्मान दिए जाएंगे। यह पहल सरकारी स्कूलों को उत्कृष्टता के केंद्र बनाने और छात्रों की शैक्षणिक सफलता बढ़ाने में मदद करेगी।

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भविष्य की दिशा

मिशन समर्थ 4.0 के माध्यम से मान सरकार सरकारी स्कूलों को आधुनिक, समृद्ध और सुरक्षित बनाने का प्रयास कर रही है। इसका उद्देश्य न केवल शिक्षा के स्तर को बढ़ाना है, बल्कि पंजाब को शिक्षा के क्षेत्र में अग्रणी बनाने और प्रत्येक बच्चे को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा सुनिश्चित करना भी है।

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