गुजरात में लव मैरिज के लिए माता-पिता की स्वीकृति अनिवार्य, सरकार लाएगी अध्यादेश

by Neha
गुजरात में लव मैरिज के लिए माता-पिता की स्वीकृति अनिवार्य, सरकार लाएगी अध्यादेश

गुजरात सरकार ने लव मैरिज के लिए लड़की के माता-पिता की स्वीकृति अनिवार्य करने का प्रस्ताव किया है। इस कदम से प्रेम विवाह में पारदर्शिता और सुरक्षा सुनिश्चित होगी।

गुजरात सरकार ने प्रेम विवाह के संबंध में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। अब प्रेम विवाह के लिए लड़की के माता-पिता की स्वीकृति अनिवार्य होगी। उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी की अध्यक्षता में हुई बैठक के बाद मंत्रिमंडल की बैठक में इस मुद्दे पर विचार किया गया और जल्द ही इस विषय पर अध्यादेश लाया जा सकता है। भाजपा और कांग्रेस दोनों के नेताओं ने इस कानून का समर्थन किया है, और इसे प्रदेश में लागू करने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है।

प्रेम विवाह के लिए माता-पिता की मंजूरी आवश्यक

गुजरात में प्रेम विवाह से जुड़ी समस्या को लेकर लंबे समय से पाटीदार समाज के नेताओं द्वारा माता-पिता की स्वीकृति अनिवार्य करने की मांग की जा रही थी। उनका कहना है कि किशोरावस्था में लड़कियां भावनाओं में बहकर बिना सोचे-समझे विवाह कर लेती हैं, जिसके कारण बाद में उन्हें और उनके परिवार को पछताना पड़ता है। इसी को ध्यान में रखते हुए गुजरात सरकार ने एक नए कानून की दिशा में कदम बढ़ाए हैं, जो प्रेम विवाह के मामले में लड़की के माता-पिता की मंजूरी को जरूरी बनाएगा।

पाटीदार समाज की यह पुरानी मांग पूरी हो सकती है

गुजरात के पाटीदार समाज के नेता जैसे दिनेश बामणिया, गीता पटेल और वरुण पटेल ने मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री से मिलकर इस मसले पर ध्यान आकर्षित किया था। उनका सुझाव था कि प्रेम विवाह करने वाली लड़कियों के आधार कार्ड के पते पर नोटिस भेजा जाए और माता-पिता से एक माह के अंदर जवाब लिया जाए। इसके अलावा, गोधरा जैसे कुछ मंदिरों में शादी के मामलों का पर्दाफाश भी हुआ था, जहां बड़ी संख्या में शादियां बिना किसी आधिकारिक दस्तावेज के हुई थीं।

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गुजरात सरकार की तैयारी

गुजरात सरकार के उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी ने कहा है कि इस मामले पर कानून मंत्री और अन्य अधिकारियों के साथ चर्चा की जा चुकी है और जल्द ही मंत्रिमंडल की बैठक में एक अध्यादेश लाने की तैयारी है। इस कदम से राज्य में प्रेम विवाह के मामलों में पारदर्शिता आएगी और परिवारों को भी सुरक्षा मिलेगी।

ब्राह्मण समाज और किंजल दवे के अंतरजातीय विवाह पर विवाद

गुजरात की प्रसिद्ध लोक गायिका किंजल दवे ने अपने सोशल मीडिया वीडियो में अपने जीवनसाथी के चुनाव का अधिकार बताया। किंजल की सगाई एक अन्य जाति के युवक से हुई थी, जिससे ब्राह्मण समाज नाराज हो गया है। समाज ने किंजल के परिवार को बहिष्कृत करने का एलान किया है। किंजल ने कहा कि उन्हें अपनी जाति पर गर्व है, लेकिन समाज में अब भी कुछ कुप्रथाएं जैसे बाल विवाह और आटा साटा मौजूद हैं, जो समाज के लिए गलत हैं। इस पर कांग्रेस नेता हेमांग रावल ने जवाब देते हुए कहा कि समाज बच्चों को आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित करता है, किंजल के आरोप बेबुनियाद हैं।

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