भारत की शीर्ष फुटबॉल लीग ISL के भविष्य पर छाई अनिश्चितता अब क्लबों पर असर डालने लगी है। ऑल इंडिया फुटबॉल फेडरेशन (AIFF) और फुटबॉल स्पोर्ट्स डेवलपमेंट लिमिटेड (FSDL) के बीच चल रहे गतिरोध के कारण जहां आगामी सीजन स्थगित कर दिया गया है, वहीं बेंगलुरु एफसी ने एक बड़ा कदम उठाते हुए अपने खिलाड़ियों और स्टाफ की सैलरी पर अनिश्चितकाल के लिए रोक लगा दी है।
सैलरी सस्पेंड करने की घोषणा
JSW ग्रुप के स्वामित्व वाले बेंगलुरु एफसी ने 4 अगस्त की रात एक आधिकारिक बयान जारी करते हुए बताया कि ISL से जुड़ी असमंजस की स्थिति के चलते क्लब को यह कठिन निर्णय लेना पड़ा है। क्लब ने कहा कि फर्स्ट टीम के कप्तान, कोच सहित सभी खिलाड़ियों और स्टाफ की तनख्वाह अस्थायी रूप से रोकी जा रही है, हालांकि युवा पुरुष व महिला टीमों और सॉकर स्कूल पर इसका कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा।
भारत में क्लब संचालन बना चुनौती
क्लब ने अपने बयान में यह भी स्पष्ट किया कि भारत में फुटबॉल क्लब चलाना हमेशा से एक चुनौतीपूर्ण काम रहा है, और मौजूदा हालात ने स्थिति को और कठिन बना दिया है। इसके बावजूद बेंगलुरु एफसी ने भरोसा दिलाया कि वह खिलाड़ियों, स्टाफ और उनके परिवारों के हित में ही यह फैसला ले रहा है और समाधान की उम्मीद में सभी से संपर्क बनाए हुए है।
ISL में गतिरोध की वजह
FSDL और AIFF के बीच मास्टर राइट्स एग्रीमेंट (MRA) के नवीनीकरण को लेकर सहमति नहीं बन पाने के कारण यह गतिरोध उत्पन्न हुआ है। यह करार दिसंबर 2025 में खत्म हो रहा है, लेकिन सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के चलते AIFF नया समझौता अंतिम रूप नहीं दे सका है। इसके कारण ही ISL के 2025-26 सीजन को स्थगित कर दिया गया है। परिणामस्वरूप, ओडिशा एफसी जैसे कुछ अन्य क्लब भी अपने खिलाड़ियों और स्टाफ के अनुबंध फिलहाल रद्द कर चुके हैं।
बेंगलुरु FC ने की अपील
बेंगलुरु एफसी ने AIFF और FSDL से आग्रह किया है कि वे जल्द से जल्द इस टकराव का हल निकालें, ताकि क्लब और खिलाड़ियों को फिर से स्थायित्व मिल सके।